एशियाई खेलों का आगाज आज 37 स्पर्धाओं में उतरेगा भारत
पदक की उम्मीदों के साथ मैदान में उतरेगा भारत
आइची-नागोया: एशिया के सबसे बड़े खेल आयोजन 20वें एशियाई खेलों का शनिवार 19 सितंबर से जापान के आइची-नागोया में आगाज होने जा रहा है। प्रतियोगिता में भारतीय दल बड़ी उम्मीदों के साथ उतरेगा। भारत के खिलाड़ी 37 खेलों में चुनौती पेश करेंगे। पिछली बार हांगझोउ एशियाई खेलों में रिकॉर्ड प्रदर्शन करने वाला भारतीय दल इस बार भी एथलेटिक्स, शूटिंग, हॉकी, बैडमिंटन, मुक्केबाजी, कुश्ती और तीरंदाजी समेत कई स्पर्धाओं में पदक की दावेदारी पेश करेगा।
एशियाई खेलों का आधिकारिक उद्घाटन समारोह 19 सितंबर को नागोया के मुख्य स्टेडियम में आयोजित होगा। इन खेलों में एशिया के विभिन्न देशों और क्षेत्रों के हजारों खिलाड़ी हिस्सा ले रहे हैं। मुकाबले 4 अक्टूबर तक चलेंगे। करीब दो सप्ताह से अधिक समय तक चलने वाले इस आयोजन में कई ओलंपिक खेलों के साथ एशिया में लोकप्रिय अन्य खेल भी शामिल किए गए हैं।
भारत की ओर से इस बार बड़ा दल जापान पहुंचा है। भारतीय खिलाड़ी कुल 37 खेलों में हिस्सा ले रहे हैं। एथलेटिक्स को हमेशा की तरह भारत के लिए महत्वपूर्ण माना जा रहा है। ट्रैक एंड फील्ड की विभिन्न स्पर्धाओं में भारतीय खिलाड़ियों से पदक की उम्मीद है। शूटिंग में भी भारत हाल के वर्षों में अंतरराष्ट्रीय प्रतियोगिताओं में लगातार अच्छा प्रदर्शन करता रहा है और युवा निशानेबाजों पर खास नजर रहेगी।
बैडमिंटन में भारतीय खिलाड़ी व्यक्तिगत और टीम दोनों स्पर्धाओं में उतरेंगे। तीरंदाजी में रिकर्व और कंपाउंड वर्ग में भारतीय खिलाड़ियों की चुनौती रहेगी। मुक्केबाजी और कुश्ती में भी भारतीय दल पदक की उम्मीद के साथ मैदान में उतरेगा। इन खेलों में भारत का पुराना रिकॉर्ड मजबूत रहा है और इस बार कई अनुभवी खिलाड़ियों के साथ युवा प्रतिभाओं को भी मौका मिला है।
हॉकी में भारतीय पुरुष और महिला टीमों के प्रदर्शन पर विशेष नजर रहेगी। एशियाई खेलों में हॉकी का महत्व इसलिए भी बढ़ जाता है क्योंकि शीर्ष प्रदर्शन करने वाली टीमों के लिए अंतरराष्ट्रीय स्तर पर आगे की प्रतियोगिताओं की राह महत्वपूर्ण हो सकती है। भारतीय टीमें पिछले कुछ वर्षों में बड़े टूर्नामेंटों में लगातार चुनौती पेश करती रही हैं। भारत के सामने सबसे बड़ी चुनौती पिछले एशियाई खेलों के प्रदर्शन को आगे बढ़ाने की होगी। चीन के हांगझोउ में आयोजित 2022 एशियाई खेलों, जो कोविड-19 के कारण 2023 में हुए थे, में भारत ने ऐतिहासिक 107 पदक जीते थे। इनमें 28 स्वर्ण, 38 रजत और 41 कांस्य पदक शामिल थे। यह एशियाई खेलों के इतिहास में भारत का अब तक का सर्वश्रेष्ठ प्रदर्शन था।
इस बार जापान की मेजबानी में भारतीय दल के सामने चीन, जापान, दक्षिण कोरिया और अन्य मजबूत खेल राष्ट्रों की चुनौती होगी। कई स्पर्धाओं में मुकाबला बेहद कड़ा रहने की संभावना है। भारतीय दल की कोशिश अलग-अलग खेलों में लगातार पदक हासिल करने की होगी। 19 सितंबर से शुरू होने वाला यह खेल महाकुंभ 4 अक्टूबर तक चलेगा। अगले करीब 16 दिनों तक भारतीय खेल प्रेमियों की निगाहें आइची-नागोया पर टिकी रहेंगी। अब देखना होगा कि भारतीय खिलाड़ी 37 खेलों में अपनी चुनौती पेश करते हुए पिछले संस्करण के रिकॉर्ड प्रदर्शन को किस तरह आगे बढ़ाते हैं।