Kharmas 2025: दिसंबर न केवल वर्ष समाप्ति बल्कि खरमास के लिए भी जाना जाता है। इस महीने में ग्रहों के राजा सूर्य धनु राशि में प्रवेश करते हैं, जिस कारण खरमास लगता है। धनु के स्वामी ग्रह बृहस्पति है, जिन्हें देवताओं का गुरु कहा जाता है। इसलिए जब भी सूर्यदेव गुरु के घर यानी उनके स्वामित्व वाली राशि में एंट्री करते हैं, तब वह अपने तेज को कम कर लेते हैं। अब चूंकि सूर्य का तेज कम हो जाता है, तो सभी तरह के शुभ-मांगलिक कार्यों पर रोक लगा दी जाती हैं। इस दौरान घरों में शादी-विवाह, सगाई व खरीदारी करने की सख्त मनाही होती हैं। ऐसे में आइए जानते हैं कि, इस बार खरमास कब लग रहा है।
दिसंबर में खरमास कब से है ?
ज्योतिषियों के मुताबिक, 16 दिसंबर को सुबह 4 बजकर 27 मिनट पर सूर्य धनु राशि में प्रवेश करेंगे। सूर्य के इस राशि में आते ही खरमास प्रारंभ होगा यानी 16 दिसंबर से खरमास लग रहा है। इसके बाद सूर्य देव 14 जनवरी 2026 को दोपहर में 3 बजकर 13 मिनट पर मकर राशि में अपना स्थान लेंगे। उनके इस राशि में आते ही खरमास का समापन हो जाएगा।
खरमास में न करें ये काम
खरमास में शादी-विवाह जैसे कार्यक्रम नहीं करने चाहिए। इस दौरान आप सगाई, ग्रह प्रवेश व रिश्ता पक्का जैसे काम भी न करें।
खरमास में घर, जमीन व किसी भी तरह का वाहन भी नहीं खरीदना चाहिए। यह अशुभ होता है।
इस दौरान आप घर में किसी भी चीज का नया निर्माण कार्य प्रारंभ न करें।
खरमास के दिनों में आप जनेऊ धारण भी न करें। यह उचित नहीं होता है।
नए व्यापार, दुकान सहित अन्य कार्यों की भी शुरुआत न करें।
खरमास होने पर आप सोने-चांदी के गहने भी न खरीदें।
खरमास में करें ये काम
सूर्य ग्रह के 12 मंत्र
ॐ आदित्याय नमः।
ॐ सूर्याय नमः।
ॐ रवेय नमः।
ॐ पूषणे नमः।
ॐ दिनेशाय नमः।
ॐ सावित्रे नमः।
ॐ प्रभाकराय नमः।
ॐ मित्राय नमः।
ॐ उषाकराय नमः।
ॐ भानवे नमः।
ॐ दिनमणाय नमः।