Shimla. शिमला। राजधानी शिमला के पीटरहॉफ, शिमला में सोमवार को आयोजित ‘स्वच्छ शहर, समृद्ध शहर’ के तहत सिटीजन कनेक्ट प्रोग्राम के द्वितीय चरण का शुभारंभ किया। कार्यक्रम में शहरी विकास मंत्री विक्रमादित्य सिंह ने शहरी विकास विभाग द्वारा चलाई जा रही विभिन्न योजनाओं की जानकारी देते हुए कहा कि प्रदेश सरकार द्वारा शहरों में विकास के लिए नवीनतम तकनीक का इस्तेमाल सुनिश्चित किया जा रहा है। इसके साथ ही हैदराबाद स्थित आईआईसीटी सीएसआईआर के सहयोग से पांच से 20 टीपीडी क्षमता वाले बायोगैस संयंत्र स्थापित किए जाएंगे, जिससे कचरे से ऊर्जा, जैविक खाद और चक्रीय अर्थ-व्यवस्था को बढ़ावा मिलेगा। उन्होंने कहा कि शहरी स्थानीय निकायों के बीच प्रतिस्पर्धात्मक भावना को प्रोत्साहित करने के लिए राष्ट्रीय स्वच्छता रैंकिंग में शीर्ष 100 में स्थान प्राप्त करने वाले निकायों को उत्कृष्ट प्रदर्शन के लिए पुरस्कृत किया जाएगा।
उन्होंने कहा कि प्रदेश के शहरों में जनसंख्या के अनुरूप आधारभूत ढांचा विकसित किया जा रहा है। उन्होंने कहा कि राजीव गांधी लघु दुकानदार सुख कल्याण योजना शहरी की शुरुआत की जा रही है। इसमें दस लाख से कम आय वाले दुकानदारों को दो लाख तक लोन दिया जाएगा, जिसमें एक लाख तक की सबसिडी दी जाएगी। इससे रेहड़ी फड़ी वाले और छोटे दुकानदारों को लाभ मिलेगी। उन्होने कहा कि जिनके पास हिमाचली बोनफाइड है, उन्हें ही ये सुविधा दी जाएगी। प्रधान सचिव शहरी विकास देवेश कुमार ने बताया कि सिटिजन कनेक्ट कार्यक्रम के पश्चात अल्प अवधि में ही 2.25 लाख से अधिक नागरिक तथा 2.50 लाख से अधिक संपत्ति धारक परिवार सिटीजन सेवा पोर्टल पर पंजीकृत हुए, जो डिजिटल गवर्नेस प्रणाली में जनता के विश्वास को दर्शाता है।