'तीन मांगें और पांच सुझाव मिले, कल फिर होगी बैठक'; CJP प्रतिनिधियों से मुलाकात के बाद बोले नड्डा

Update: 2026-07-24 10:31 GMT

नई दिल्ली। नीट (NEET) परीक्षा में धांधली के आरोपों को लेकर देशभर में जारी विरोध प्रदर्शनों के बीच केंद्र सरकार ने आंदोलनकारियों से संवाद की पहल की है। शुक्रवार को केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्री जेपी नड्डा और केंद्रीय मंत्री जितेंद्र सिंह ने विट्ठल पटेल हाउस में 'कॉकरोच जनता पार्टी' (CJP) के प्रतिनिधिमंडल के साथ एक अत्यंत महत्वपूर्ण बैठक की। लगभग दो घंटे तक चली इस उच्चस्तरीय वार्ता में नीट परीक्षा प्रक्रिया में व्यापक सुधारों, पारदर्शिता और प्रभावित छात्रों की मांगों पर विस्तार से चर्चा हुई। सरकार और छात्र प्रतिनिधियों के बीच हुई इस मुलाकात को जारी गतिरोध को सुलझाने की दिशा में एक अहम कदम माना जा रहा है।

बैठक के समापन के बाद पत्रकारों को संबोधित करते हुए जेपी नड्डा ने बताया कि CJP के प्रतिनिधिमंडल के साथ बातचीत काफी सकारात्मक और विस्तृत रही। CJP के प्रतिनिधियों ने सरकार के सामने अपनी तीन मुख्य मांगें रखी हैं और साथ ही देश की परीक्षा प्रणाली में सुधार से जुड़े पांच ठोस सुझाव सौंपे हैं। नड्डा ने कहा कि सरकार इन सभी मांगों और सुझावों का गहराई से अध्ययन कर रही है। उन्होंने यह भी स्पष्ट किया कि सरकार शनिवार दोपहर प्रतिनिधिमंडल के साथ अगले दौर की बैठक करेगी, जिसमें इन मांगों और सुझावों पर सरकार के आधिकारिक रुख से उन्हें अवगत कराया जाएगा।

इस बैठक में CJP की तरफ से मुख्य प्रवक्ता सौरव दास और राष्ट्रीय प्रवक्ता आशुतोष रांका शामिल हुए। बातचीत की मेज पर आने से पहले CJP ने सरकार के सामने दो पूर्व शर्तें रखी थीं, जिनमें शांतिपूर्ण प्रदर्शन करने वाले छात्रों पर दर्ज मुकदमों को वापस लेना और प्रभावित छात्रों के परिवारों को उचित मुआवजा देना शामिल था। हालांकि, इन वार्ताओं के बावजूद संगठन अभी भी केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे की अपनी प्रमुख मांग पर पूरी तरह अड़ा हुआ है।

दूसरी तरफ, देश की परीक्षा प्रणाली में सुधारों और छात्रों के हितों की रक्षा को लेकर पिछले 26 दिनों से लगातार भूख हड़ताल पर बैठे प्रसिद्ध सामाजिक कार्यकर्ता सोनम वांगचुक का अनशन आखिरकार समाप्त हो गया है। केंद्रीय मंत्री जेपी नड्डा और जितेंद्र सिंह देर रात मेदांता अस्पताल पहुंचे, जहां उन्होंने वांगचुक से मुलाकात की और उन्हें सरकार की ओर से एक आधिकारिक लिखित आश्वासन पत्र सौंपा। वांगचुक ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म 'एक्स' पर एक वीडियो जारी कर पुष्टि की कि सरकार द्वारा केवल मौखिक बातें कहने के बजाय लिखित दस्तावेज दिए जाने के बाद ही उन्होंने अपना 26 दिनों से जारी अनशन खत्म करने का फैसला किया।

Tags:    

Similar News