नई दिल्ली: भाजपा सांसद प्रवीण खंडेलवाल ने लद्दाख में बुधवार को हुए हिंसक विरोध प्रदर्शन और पार्टी कार्यालय में आगजनी की घटना की निंदा की। उन्होंने कहा कि लद्दाख में जो हुआ, उसकी जांच चल रही है और उपद्रवियों पर सख्त कार्रवाई होगी।
भाजपा सांसद प्रवीण खंडेलवाल ने लद्दाख हिंसक प्रदर्शन पर आईएएनएस से बातचीत में कहा, "केंद्र सरकार ने पूरे मामले का संज्ञान लिया है और तत्काल सभी आवश्यक कदम उठा रही है। लद्दाख में जो हुआ, उसकी जांच चल रही है और किसी भी उपद्रवी को बख्शा नहीं जाएगा।"
इससे पहले, लद्दाख के उपराज्यपाल कविंदर गुप्ता ने पिछले दो दिनों में लेह में भड़की हिंसा की कड़ी निंदा की थी। उन्होंने चेतावनी दी कि केंद्र शासित प्रदेश में शांति भंग करने के लिए जिम्मेदार लोगों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी। उपराज्यपाल ने स्थिति पर टिप्पणी करते हुए कहा, "लोकतांत्रिक विरोध और संवाद लोगों का अधिकार है, लेकिन आगजनी, पथराव और सार्वजनिक व निजी संपत्ति पर हमले कभी भी उचित नहीं ठहराए जा सकते।"
उपराज्यपाल ने कहा, "हम जानते हैं कि लोकतंत्र में सभी को अपनी बात रखने का अधिकार है। यहां तक कि भूख हड़ताल भी लोकतांत्रिक परंपराओं का हिस्सा है। लेकिन, पिछले एक-दो दिनों में हमने जो देखा है कि लोगों को भड़काया जा रहा है, नेपाल और बांग्लादेश से तुलना की जा रही है, निजी कार्यालयों और घरों में आग लगाने की कोशिश की जा रही है, पथराव किया जा रहा है। यह लद्दाख की परंपरा नहीं है।"
लद्दाख में छठवीं अनुसूची और राज्य का दर्जा दिए जाने की मांग को लेकर सोनम वांगचुक द्वारा शुरू किया गया अनशन बुधवार को उस वक्त अचानक विवाद में बदल गया, जब प्रदर्शनकारियों की भीड़ ने भाजपा के पार्टी कार्यालय और लेह के मुख्य कार्यकारी पार्षद कार्यालय पर हमला कर दिया और आगजनी की। वहीं, सरकार का आरोप है कि सोनम वांगचुक ने अपने अनशन के दौरान 'अरब स्प्रिंग' और 'नेपाल की जेनजी' जैसे उदाहरण देकर लोगों को भड़काया।