पंजाब पेपर लीक मामले पर गरमाई सियासत, BJP का AAP मुख्यालय के बाहर प्रदर्शन
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Punjab. पंजाब। पंजाब में कथित पेपर लीक मामले को लेकर राजनीतिक माहौल लगातार गर्माता जा रहा है। भारतीय जनता पार्टी (बीजेपी) ने इस मुद्दे को लेकर आम आदमी पार्टी (AAP) सरकार के खिलाफ मोर्चा खोल दिया है। दिल्ली में बीजेपी नेताओं और कार्यकर्ताओं ने आम आदमी पार्टी के केंद्रीय कार्यालय के बाहर जोरदार प्रदर्शन किया और पंजाब के शिक्षा मंत्री हरजोत सिंह बैंस के तत्काल इस्तीफे की मांग उठाई। प्रदर्शन के दौरान बीजेपी नेताओं ने पंजाब सरकार पर छात्रों के भविष्य के साथ खिलवाड़ करने का आरोप लगाया और कहा कि राज्य में लगातार हो रहे पेपर लीक मामलों के लिए सरकार पूरी तरह जिम्मेदार है।
दिल्ली में हुए इस विरोध प्रदर्शन में दिल्ली बीजेपी प्रदेश अध्यक्ष हर्ष मल्होत्रा, बीजेपी सांसद बांसुरी स्वराज, कमलजीत सहरावत तथा राज्यसभा सांसद स्वाति मालीवाल सहित कई वरिष्ठ नेता और बड़ी संख्या में कार्यकर्ता शामिल हुए। प्रदर्शनकारियों ने हाथों में तख्तियां लेकर आम आदमी पार्टी के खिलाफ नारेबाजी की। प्रदर्शन के दौरान "Kejriwal, It's Done Bro, You're Exposed" जैसे नारे भी लगाए गए। पूरे इलाके में भारी पुलिस बल तैनात किया गया और कानून-व्यवस्था बनाए रखने के लिए बैरिकेडिंग की गई।
प्रदर्शन के दौरान स्वाति मालीवाल ने पंजाब सरकार और मुख्यमंत्री भगवंत मान पर तीखा हमला बोला। उन्होंने आरोप लगाया कि कुछ वर्ष पहले स्वयं भगवंत मान ने शिक्षक पात्रता परीक्षा (TET) के पेपर लीक होने की बात कही थी, लेकिन अब उनकी सरकार इस मामले से इनकार कर रही है। स्वाति मालीवाल ने कहा कि मुख्यमंत्री के बयानों में विरोधाभास है और सरकार छात्रों के भविष्य के साथ गंभीरता से पेश नहीं आ रही। उन्होंने आम आदमी पार्टी पर निशाना साधते हुए कहा कि जनता अब सरकार की कार्यशैली को समझ चुकी है और जवाब मांग रही है।
बीजेपी प्रदेश अध्यक्ष हर्ष मल्होत्रा ने भी प्रदर्शन के दौरान अरविंद केजरीवाल और आम आदमी पार्टी पर जमकर हमला बोला। उन्होंने कहा कि दिल्ली की जनता ने पिछले दस वर्षों में केजरीवाल की राजनीति और वादों की वास्तविकता देख ली है। मल्होत्रा ने आरोप लगाया कि केजरीवाल ने सत्ता में आने से पहले सादगी और ईमानदारी की बात की थी, लेकिन बाद में सरकारी सुविधाओं का भरपूर उपयोग किया। उन्होंने कहा कि दिल्ली की जनता ने इन्हीं कारणों से आम आदमी पार्टी को सत्ता से बाहर का रास्ता दिखाया।
हर्ष मल्होत्रा ने आगे कहा कि जब अरविंद केजरीवाल जेल में थे, तब भी उन्होंने मुख्यमंत्री पद से इस्तीफा नहीं दिया और जेल से ही सरकार चलाने की कोशिश करते रहे। उन्होंने आरोप लगाया कि अब उसी तरह का राजनीतिक हस्तक्षेप पंजाब में भी देखने को मिल रहा है। उनके अनुसार पंजाब सरकार प्रशासनिक जिम्मेदारियों को निभाने में विफल साबित हो रही है और राज्य के युवाओं के भविष्य को गंभीर खतरे में डाल रही है।
बीजेपी नेता ने मुख्यमंत्री भगवंत मान पर भी निशाना साधते हुए कहा कि पंजाब सरकार पूरी तरह दिशा भ्रमित हो चुकी है। उन्होंने कहा कि बीजेपी पंजाब सरकार को उसकी जिम्मेदारियों का एहसास कराने के लिए सड़क पर उतरी है। मल्होत्रा ने यह भी आरोप लगाया कि हाल के दिनों में छात्रों के नाम पर आंदोलन करने वालों का उद्देश्य छात्रों की समस्याओं का समाधान नहीं बल्कि राजनीतिक लाभ लेना था। उन्होंने दावा किया कि जंतर-मंतर पर हुए विरोध प्रदर्शन में वास्तविक छात्र कम और राजनीतिक कार्यकर्ता अधिक मौजूद थे।
बीजेपी नेताओं ने आरोप लगाया कि पंजाब में हाल ही में फार्मा से संबंधित परीक्षा का पेपर लीक हुआ है। उनका कहना था कि यह कोई पहला मामला नहीं है, बल्कि पिछले कुछ वर्षों में कई प्रतियोगी परीक्षाओं के प्रश्नपत्र लीक होने की घटनाएं सामने आ चुकी हैं। उन्होंने कहा कि लगातार हो रही ऐसी घटनाएं राज्य की परीक्षा प्रणाली पर गंभीर सवाल खड़े करती हैं और इससे लाखों मेहनती छात्रों का भविष्य प्रभावित हो रहा है।
प्रदर्शन के दौरान बीजेपी नेताओं ने मांग की कि पंजाब के शिक्षा मंत्री हरजोत सिंह बैंस नैतिक जिम्मेदारी लेते हुए तत्काल अपने पद से इस्तीफा दें। उनका कहना था कि यदि शिक्षा विभाग निष्पक्ष और सुरक्षित परीक्षाएं आयोजित नहीं करा पा रहा है तो इसके लिए विभागीय नेतृत्व को जिम्मेदारी स्वीकार करनी चाहिए। बीजेपी ने यह भी कहा कि वह छात्रों के अधिकारों और उनके भविष्य की रक्षा के लिए हर स्तर पर संघर्ष जारी रखेगी। प्रदर्शन के दौरान पुलिस ने सुरक्षा के व्यापक इंतजाम किए थे। आम आदमी पार्टी के कार्यालय के आसपास भारी बैरिकेडिंग की गई थी ताकि प्रदर्शनकारी कार्यालय तक न पहुंच सकें। पुलिस ने भीड़ को नियंत्रित करने के लिए बड़ी संख्या में सुरक्षाकर्मियों को तैनात किया। एहतियात के तौर पर वाटर कैनन और आंसू गैस के इंतजाम भी किए गए थे ताकि किसी भी अप्रिय स्थिति से निपटा जा सके।
फिरोज शाह रोड पर हुए प्रदर्शन के दौरान कई कार्यकर्ता बैरिकेड्स पार कर आगे बढ़ने का प्रयास करते दिखाई दिए। पुलिस ने उन्हें रोकने की कोशिश की, जिससे कुछ समय के लिए हल्की धक्का-मुक्की की स्थिति भी बनी। हालांकि पुलिस ने स्थिति को नियंत्रित रखा और किसी बड़े टकराव की नौबत नहीं आने दी। बीजेपी नेताओं ने कहा कि यदि पंजाब सरकार इस मामले में उचित कार्रवाई नहीं करती है तो आने वाले दिनों में आंदोलन को और व्यापक बनाया जाएगा। उनका कहना है कि पेपर लीक जैसी घटनाएं केवल परीक्षा प्रणाली को ही नहीं बल्कि युवाओं के विश्वास को भी कमजोर करती हैं। ऐसे मामलों में सख्त कार्रवाई और जवाबदेही तय होना बेहद जरूरी है।
वहीं, आम आदमी पार्टी की ओर से इस मुद्दे पर लगातार अपना पक्ष रखा जा रहा है। पार्टी का कहना है कि परीक्षा प्रक्रिया को पारदर्शी बनाए रखने के लिए आवश्यक कदम उठाए जा रहे हैं और किसी भी दोषी को बख्शा नहीं जाएगा। हालांकि विपक्ष इस जवाब से संतुष्ट नहीं है और लगातार सरकार पर हमलावर बना हुआ है। फिलहाल पंजाब पेपर लीक मामला अब केवल शिक्षा व्यवस्था तक सीमित नहीं रह गया है, बल्कि यह बड़ा राजनीतिक मुद्दा बन चुका है। एक ओर बीजेपी इस मामले को लेकर सरकार पर दबाव बना रही है, वहीं दूसरी ओर आम आदमी पार्टी आरोपों का जवाब देते हुए अपनी स्थिति स्पष्ट कर रही है। आने वाले दिनों में इस मुद्दे पर राजनीतिक गतिविधियां और तेज होने की संभावना है।