कभी घर, शौचालय और पानी के लिए तरसते थे लोग', गांधीनगर में बोले अमित शाह
गरीबी से विकास तक का सफर, अमित शाह ने गिनाईं केंद्र सरकार की उपलब्धियां
Gandhinagar गांधीनगर। केंद्रीय गृह मंत्री Amit Shah ने गुजरात के गांधीनगर में आयोजित एक कार्यक्रम को संबोधित करते हुए कहा कि एक समय देश के करोड़ों लोगों के पास बुनियादी सुविधाओं का अभाव था, लेकिन पिछले वर्षों में केंद्र सरकार की योजनाओं ने आम लोगों के जीवन में बड़ा बदलाव लाया है। अमित शाह ने कहा कि चुनावी दौर में वह अक्सर सोचते थे कि देश में गरीबी और बुनियादी सुविधाओं की कमी की स्थिति कब समाप्त होगी। उन्होंने कहा कि उस समय बड़ी संख्या में लोगों के पास रहने के लिए पक्का घर नहीं था। घर नहीं होने के कारण बिजली जैसी सुविधाओं का लाभ भी नहीं मिल पाता था। कई परिवारों के पास शौचालय नहीं थे और झोपड़ियों में रहने वाले लोगों को पेयजल जैसी मूलभूत सुविधाओं के लिए भी संघर्ष करना पड़ता था।
उन्होंने कहा कि पारंपरिक चूल्हों पर खाना बनाते-बनाते माताएं परेशान हो जाती थीं और गरीब परिवारों को अगले दिन के भोजन का इंतजाम करने के लिए दिन-रात मेहनत करनी पड़ती थी। स्वास्थ्य सुविधाओं का जिक्र करते हुए शाह ने कहा कि गंभीर बीमारी की स्थिति में लोगों के पास भगवान से प्रार्थना करने के अलावा कोई विकल्प नहीं होता था। अपने संबोधन में गृह मंत्री ने देश को आत्मनिर्भर बनाने के लिए किए गए प्रयासों का भी उल्लेख किया। उन्होंने कहा कि औद्योगिक विकास को बढ़ावा देने, विभिन्न क्षेत्रों में नवाचार को शामिल करने और समय-समय पर नीतियों को और अधिक प्रभावी बनाने का कार्य लगातार किया गया है। शाह ने कहा कि सरकार का लक्ष्य विकास की गति को तेज करते हुए देश को आर्थिक रूप से और अधिक मजबूत बनाना है। उन्होंने विश्वास जताया कि नवाचार, उद्योग और जनकल्याणकारी योजनाओं के माध्यम से भारत आने वाले वर्षों में वैश्विक स्तर पर और अधिक सशक्त राष्ट्र के रूप में उभरेगा।