Maharashtra महाराष्ट्र: सरकार के मंत्री नितेश राणे ने कांग्रेस नेता राहुल गांधी के हालिया कार्यक्रम को लेकर तीखा हमला बोला है। उन्होंने आरोप लगाया कि राहुल गांधी के कार्यक्रम में शामिल लोगों और सोशल मीडिया इन्फ्लुएंसर्स को पैसे देकर सकारात्मक बातें करने के लिए कहा गया था। नितेश राणे ने कहा कि मुख्यमंत्री युवाओं की आवाज हैं और राज्य सरकार युवाओं के हित में काम कर रही है। उन्होंने राहुल गांधी के कार्यक्रम को लेकर दावा किया कि अगर किसी कार्यक्रम में लोगों को पैसे देकर बोलने के लिए कहा जाए तो वह पेड न्यूज जैसा दिखाई देता है।
मंत्री ने आरोप लगाया कि कई इन्फ्लुएंसर्स को पैसे दिए गए और उनसे राहुल गांधी के पक्ष में अच्छी बातें करने के लिए कहा गया। उन्होंने सवाल उठाया कि अगर पैसे नहीं दिए जाते तो कौन राहुल गांधी के समर्थन में इस तरह की बातें करता। नितेश राणे ने मुंबई के मैदानों को लेकर भी विपक्ष पर निशाना साधा। उन्होंने कहा कि जिन लोगों ने मैदानों को बेचने का काम किया, उनकी सरकार अब इन मैदानों को बचाने का काम कर रही है। उन्होंने आरोप लगाया कि शहर के कई मैदानों को ‘नाइटलाइफ गैंग’ को सौंप दिया गया था।
मंत्री ने कहा कि अब बृहन्मुंबई महानगरपालिका (BMC) में उनकी सरकार है और वे मुंबई के मैदानों को सुरक्षित रखने के साथ-साथ शहर के विकास पर ध्यान देंगे। उन्होंने कहा कि सार्वजनिक स्थानों का संरक्षण सरकार की प्राथमिकता है। राहुल गांधी के ‘छात्रों के कार्यक्रम’ को लेकर भी नितेश राणे ने टिप्पणी की। उन्होंने कहा कि अगर ऐसा कार्यक्रम DY पाटिल या भारती विद्यापीठ जैसे शैक्षणिक संस्थानों के परिसर में होता तो बेहतर होता। उन्होंने आरोप लगाया कि कार्यक्रम में छात्रों के मुद्दों के बजाय अन्य एजेंडे पर चर्चा हुई।
नितेश राणे ने दावा किया कि कार्यक्रम में मनुस्मृति और हिंदू समाज के खिलाफ बातें की गईं। उन्होंने इसे छात्रों की आवाज से अलग बताते हुए कहा कि वहां छात्रों की समस्याओं के बजाय अलग विचारधारा से जुड़े मुद्दों को प्रमुखता दी गई। हालांकि, नितेश राणे के इन आरोपों पर कांग्रेस या राहुल गांधी की ओर से तत्काल कोई प्रतिक्रिया सामने नहीं आई है। राजनीतिक गलियारों में उनके बयान को लेकर चर्चा तेज हो गई है।