मायावती ने BSP संगठन को तीन सेक्टर में बांटा, यूपी-उत्तराखंड की कमान अपने पास रखी
नई दिल्ली: बहुजन समाज पार्टी की प्रमुख मायावती ने रविवार को पार्टी के राष्ट्रीय संगठन में बदलाव का ऐलान किया। उन्होंने देशभर में पार्टी के संगठनात्मक कामकाज को तीन सेक्टर में बांट दिया है। इस नई व्यवस्था में उत्तर प्रदेश और उत्तराखंड को तीसरे सेक्टर में रखा गया है, जिसकी निगरानी मायावती खुद लखनऊ स्थित पार्टी के केंद्रीय कार्यालय से करेंगी। यह बदलाव पार्टी के संगठन को अलग-अलग हिस्सों में व्यवस्थित करने और राज्यों में गतिविधियों को बेहतर तरीके से संचालित करने के उद्देश्य से बताया गया है।
मायावती ने रविवार सुबह सोशल मीडिया पर छह बिंदुओं में अपनी बात रखी। उन्होंने कहा कि संगठन को तीन सेक्टर में बांटने का उद्देश्य पार्टी को मजबूत करना और समाज के विभिन्न वर्गों तक संगठन की पहुंच बढ़ाना है।
पहले सेक्टर में 10 राज्यों की जिम्मेदारी
मायावती के अनुसार, सेक्टर नंबर एक में 10 राज्यों को शामिल किया गया है। इस सेक्टर की जिम्मेदारी राज्यसभा सांसद रामजी गौतम और सुरेश राव को केंद्रीय सेक्टर प्रभारी के तौर पर दी गई है।
दोनों नेता अपने अंतर्गत आने वाले राज्यों में पार्टी संगठन से जुड़े कामकाज और गतिविधियों की निगरानी करेंगे। मायावती ने सेक्टर प्रभारियों से अपने-अपने क्षेत्रों में संगठन को सक्रिय रखने और लोगों से संपर्क बढ़ाने पर ध्यान देने की अपील की है।
दूसरे सेक्टर में 9 राज्य, राजाराम और अतर सिंह राव को जिम्मेदारी
सेक्टर नंबर दो में कुल नौ राज्यों को रखा गया है। इसकी जिम्मेदारी पूर्व राज्यसभा सांसद राजाराम और पूर्व विधायक अतर सिंह राव को सौंपी गई है।
इस तरह पहले और दूसरे सेक्टर में शामिल राज्यों के संगठनात्मक कामकाज की निगरानी चार केंद्रीय सेक्टर प्रभारी करेंगे। पार्टी की ओर से जारी जानकारी के मुताबिक, इन पदाधिकारियों को अपने क्षेत्रों में संगठन से जुड़े कामों को आगे बढ़ाने की जिम्मेदारी दी गई है।
यूपी और उत्तराखंड की निगरानी खुद करेंगी मायावती
नई व्यवस्था में उत्तर प्रदेश और उत्तराखंड को तीसरे सेक्टर में रखा गया है। इन दोनों राज्यों की जिम्मेदारी मायावती ने अपने पास रखी है। रिपोर्टों के मुताबिक, लखनऊ स्थित पार्टी केंद्रीय कार्यालय से दोनों राज्यों की संगठनात्मक गतिविधियों पर नजर रखी जाएगी।
मायावती ने यह भी कहा कि जरूरत पड़ने पर राष्ट्रीय समन्वयक ईशान आनंद को इन राज्यों में भेजा जा सकता है। ईशान आनंद को हाल ही में BSP में राष्ट्रीय समन्वयक की जिम्मेदारी दी गई है।
बाढ़ प्रभावित लोगों की मदद के निर्देश
मायावती ने पार्टी के सेक्टर प्रभारियों से प्राकृतिक आपदा से प्रभावित लोगों की सहायता करने की अपील भी की। उन्होंने खास तौर पर बाढ़ से प्रभावित इलाकों में पार्टी कार्यकर्ताओं और पदाधिकारियों को लोगों की मदद के लिए सक्रिय रहने को कहा।
उनका कहना है कि आपदा के समय जरूरतमंद लोगों तक राहत और सहायता पहुंचाने के लिए संगठन को अपनी भूमिका निभानी चाहिए। यूपी और उत्तराखंड सहित प्रभावित क्षेत्रों की स्थिति पर पार्टी स्तर से नजर रखने की बात भी कही गई है।
महाराष्ट्र में सूखे से प्रभावित किसानों का मुद्दा
मायावती ने महाराष्ट्र के उन इलाकों का भी जिक्र किया, जहां सूखे की स्थिति से लोग और खासकर किसान प्रभावित बताए जा रहे हैं। उन्होंने राज्य सरकार से प्रभावित किसानों को केवल औपचारिक सहायता तक सीमित नहीं रहने और जमीनी स्तर पर राहत पहुंचाने का आग्रह किया।
उन्होंने केंद्र सरकार से भी अधिक प्रभावित राज्यों को समय पर आवश्यक सहायता उपलब्ध कराने की अपील की।
BSP में यह संगठनात्मक बदलाव ऐसे समय हुआ है, जब पार्टी 2027 के उत्तर प्रदेश विधानसभा चुनाव समेत आने वाले चुनावों के लिए संगठन को लेकर कई स्तरों पर बदलाव कर रही है। हाल के दिनों में पार्टी ने राष्ट्रीय स्तर पर भी जिम्मेदारियों में परिवर्तन किए हैं।