झारखंड में JPSC-JSSC अभ्यर्थियों की मांगें मानी गईं, जश्न में झूमे छात्र
Ranchi रांची। झारखंड में लंबे समय से अपनी मांगों को लेकर आंदोलन कर रहे JPSC-JSSC अभ्यर्थियों के लिए बड़ी खबर सामने आई है। राज्य सरकार द्वारा उनकी मांगें स्वीकार किए जाने के बाद रांची में अभ्यर्थियों ने जमकर जश्न मनाया। छात्रों ने गीत गाए और नाचकर अपनी खुशी का इजहार किया। सरकार के फैसले के तहत JSSC CGL परीक्षा और TDPL की ओर से आयोजित कराई गई सभी परीक्षाओं को रद्द करने की बात सामने आई है। सरकार के फैसले की जानकारी मिलते ही आंदोलन में शामिल अभ्यर्थियों के बीच खुशी की लहर दौड़ गई। लंबे समय से परीक्षा प्रक्रिया को लेकर सवाल उठा रहे अभ्यर्थियों ने इसे अपने संघर्ष की बड़ी सफलता बताया। रांची में एकत्रित छात्रों ने एक-दूसरे को बधाई दी और गीत-संगीत के साथ जश्न मनाया।
JPSC और JSSC की विभिन्न भर्ती परीक्षाओं को लेकर अभ्यर्थी लगातार अपनी मांगें उठा रहे थे। खास तौर पर परीक्षा प्रक्रिया में कथित अनियमितताओं को लेकर छात्रों की ओर से विरोध प्रदर्शन किए गए थे। अभ्यर्थियों की मांग थी कि जिन परीक्षाओं को लेकर गंभीर सवाल उठे हैं, उन पर सरकार स्पष्ट और ठोस निर्णय ले। आंदोलन के दौरान छात्रों और सरकार के बीच बातचीत की मांग भी लगातार उठती रही। अभ्यर्थियों का कहना था कि भर्ती परीक्षाओं में पारदर्शिता सुनिश्चित की जानी चाहिए, ताकि मेहनत करने वाले उम्मीदवारों के भविष्य के साथ किसी तरह का खिलवाड़ न हो। अब सरकार की ओर से मांगें स्वीकार किए जाने के बाद आंदोलनरत अभ्यर्थियों में उत्साह दिखाई दिया।
सामने आई जानकारी के मुताबिक JSSC CGL परीक्षा को रद्द करने का फैसला लिया गया है। इसके साथ ही TDPL की ओर से आयोजित की गई परीक्षाओं को भी रद्द किया गया है। इस निर्णय के बाद अब अभ्यर्थियों की नजर आगे की भर्ती प्रक्रिया और नई परीक्षाओं से संबंधित घोषणा पर रहेगी। रांची में फैसले के बाद जश्न का माहौल देखने को मिला। बड़ी संख्या में अभ्यर्थियों ने एक साथ नाच-गाकर खुशी जाहिर की। आंदोलन में शामिल छात्रों ने इसे एकजुटता और लगातार किए गए संघर्ष का परिणाम बताया।
झारखंड में सरकारी नौकरियों की तैयारी करने वाले हजारों अभ्यर्थियों के लिए भर्ती परीक्षाओं की निष्पक्षता और पारदर्शिता लंबे समय से महत्वपूर्ण मुद्दा रही है। ऐसे में सरकार के इस फैसले का असर आगामी भर्ती परीक्षाओं की प्रक्रिया पर भी पड़ सकता है। अभ्यर्थियों को अब उम्मीद है कि भविष्य में आयोजित होने वाली परीक्षाओं में सुरक्षा और पारदर्शिता के लिए मजबूत व्यवस्था की जाएगी। फिलहाल अभ्यर्थियों का ध्यान नई परीक्षा की तारीखों और सरकार की ओर से जारी होने वाले अगले निर्देशों पर है। रद्द की गई परीक्षाओं को दोबारा कब और किस व्यवस्था के तहत आयोजित किया जाएगा, इसे लेकर विस्तृत जानकारी का इंतजार किया जा रहा है।