Indora. इंदौरा। हिमाचल प्रदेश की खनन नीति धरातल पर सही तरीके से लागू नहीं हो रही है। इसका ताजा उदाहरण जिला कांगड़ा के इंदौरा के मंड, डमटाल के माजरा और कंडवाल में सरेआम मशीनों से देखा जा रहा है, जहां सरेआम अवैध खनन किया जा रहा है। इस अवैध खनन को रोकने के लिए कोई भी कानून व्यवस्था नहीं है। ऐसा प्रतीत होता है कि अवैध खनन माफिया प्रदेश की खनन नीति को अपनी जेब में डाल कर घूम रहा है।
अवैध खनन को लेकर अगर हम इंदौरा की ब्यास, छौंछ और चक्की खड्ड की बात करें तो इनमें सैकड़ों हेक्टेयर भूमि खनन माफिया निगल चूका है। अधिकतर स्टोन क्रशर स्वीकृत खनन पट्टोंं से बाहर जाकर अवैध खनन की गतिविधियों को अंजाम दे रहे हैं। जब इस बारे खनन अधिकारी नूरपुर सुरेश कुमार से बात हुई, तो उन्होंने कहा कि आपके माध्यम से मामला मेरे ध्यान में आया है मैं खनन विभाग की एक टीम को मौके पर भेज रहा हूं और दोषियों के खिलाफ सख्त से सख्त कार्रवाई अमल में लाई जाएगी। कानून को दरकिनार कर पोकलेन मशीने नदी और नालों में सरेआम अवैध खनन कर रही हैं। विभाग और प्रशासन की सुस्त कार्यप्रणाली पर स्थानीय लोगों ने सवाल उठाना शुरू कर दिए है।