Shimla. शिमला। राज्यपाल कविंद्र गुप्ता ने हिमाचल प्रदेश में जनगणना 2027 के प्रथम चरण के लिए सोमवार को लोकभवन से स्व-गणना के महत्त्वपूर्ण कार्य का औपचारिक शुभारंभ किया। यह अभियान पहली से 15 जून तक पूरे राज्य में चलाया जाएगा। इस राज्यव्यापी अभियान की शुरुआत करते हुए राज्यपाल कविंद्र गुप्ता ने अपनी स्व-गणना पूर्ण की। इस अवसर पर जनगणना कार्य निदेशालय हिमाचल प्रदेश की निदेशक दीपशिखा शर्मा सहित विभाग के अन्य वरिष्ठ अधिकारी भी उपस्थित रहे। उन्होंने राज्यपाल को इस डिजिटल प्रक्रिया की बारीकियों से अवगत कराया। स्व-गणना पोर्टल (se.census.gov.in) पर अपनी स्व-गणना पूरी करने के उपरांत, राज्यपाल ने प्रदेशवासियों के नाम संदेश जारी करते हुए जनगणना के महत्त्व पर विशेष प्रकाश डाला। उन्होंने कहा कि जनगणना केवल नागरिक आंकड़ों का संग्रह नहीं है।
बल्कि यह राज्य के भावी विकास और लोक-कल्याणकारी योजनाओं के निर्माण की नींव है। उन्होंने कहा कि प्रदेश का हर नागरिक इस राष्ट्रीय कार्य में अपनी भागीदारी सुनिश्चित करे। उन्होंने प्रदेश की समस्त जनता से अपील की है कि वे पहली से 15 जून के मध्य स्वयं आगे आकर अपनी स्व-गणना की प्रक्रिया को उत्साहपूर्वक पूरा करें। कविंद्र गुप्ता ने नागरिकों से विशेष अनुरोध किया गया है कि स्व-गणना की प्रक्रिया सफलतापूर्वक पूरी होने के बाद पोर्टल द्वारा प्राप्त होने वाली ‘स्व-गणना आईडी’ को सुरक्षित रखें। इसके पश्चात 16 जून से 15 जुलाई के मध्य जब प्रगणक लोगों के घर का दौरा करेंगे, तब उन्हें यह स्व-गणना आईडी अवश्य प्रदान करें, ताकि आपकी जनगणना का कार्य सुगमता से संपत्र हो सके। उन्होंने प्रदेश के सभी नागरिकों से इस डिजिटल पहल को सफल बनाने और प्रदेश के विकास में अपना बहुमूल्य योगदान देने का आह्वान किया है।