Dhanbad धनबाद। इंदु आउटसोर्सिंग कंपनी के प्रबंधक और बीसीसीएल प्रोजेक्ट ऑफिसर गोपाल रेड्डी पर हुए जानलेवा हमले का मामला सुलझ गया है। पुलिस ने इस मामले में मुख्य आरोपी राहुल मंडल को पिस्टल सहित गिरफ्तार कर लिया है। पुलिस ने आरोपी की निशानदेही पर घटना में इस्तेमाल किए गए हथियार और पिस्टल को भी जब्त कर लिया है। घटना 27 सितंबर को मुनीडीह ओपी क्षेत्र के पास हुई थी। जानकारी के अनुसार, बाइक सवार अपराधियों ने कंपनी प्रबंधक गोपाल रेड्डी पर जानलेवा हमला किया था। हमले के दौरान गोपाल रेड्डी की जांघ के पिछले हिस्से में गोली लगी, जिससे वे घायल हो गए थे और उन्हें तुरंत अस्पताल में भर्ती कराया गया था।
धनबाद के लॉ एंड ऑर्डर डीएसपी नौशाद आलम ने बताया कि आरोपी राहुल मंडल ने कंपनी में अपने लोगों के लिए रोजगार दिलाने के दबाव के साथ-साथ रंगदारी वसूलने के मकसद से फायरिंग की थी। पुलिस ने जांच के दौरान पाया कि इस मामले में प्रबंधक के ड्राइवर ने भी रेकी करने में मदद की थी। ड्राइवर को पहले ही गिरफ्तार किया जा चुका है। जांच में सामने आया कि घटना स्थल बीसीसीएल में संचालित इंदु आउटसोर्सिंग कंपनी के पास, डीएवी मुनीडीह स्कूल रोड स्थित काली मंदिर के पास थी। हमले के तुरंत बाद पुलिस ने इलाके में दबिश दी और मामले की गंभीरता को देखते हुए आरोपी की तलाश शुरू कर दी। पुलिस ने आरोपी राहुल मंडल को मुनीडीह ओपी क्षेत्र से गिरफ्तार किया। उसके कब्जे से हमले में इस्तेमाल पिस्टल और अन्य हथियार भी बरामद किए गए। गिरफ्तारी के बाद आरोपी से घटना से संबंधित पूछताछ जारी है। जांच अधिकारी ने बताया कि अपराधियों ने घटना को इतनी सावधानी से अंजाम दिया कि पुलिस को शुरुआती दौर में मामले की जटिलता का अंदाजा हुआ। लेकिन तकनीकी और जानकारीपूर्ण जांच के चलते पुलिस ने सफलता हासिल की।
धनबाद पुलिस ने कहा कि यह गिरफ्तारी बीसीसीएल क्षेत्र में सुरक्षा और कानून व्यवस्था बनाए रखने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम है। पुलिस ने यह भी चेतावनी दी है कि कोई भी व्यक्ति धमकी, रंगदारी या जानलेवा हमले में शामिल पाए जाने पर सख्त कार्रवाई की जाएगी। घटना ने धनबाद के मुनीडीह क्षेत्र में सनसनी मचा दी थी। स्थानीय लोगों ने पुलिस कार्रवाई की सराहना की और कहा कि प्रशासन ने तेज़ी से कार्रवाई करके सुरक्षा का संदेश दिया है। इस गिरफ्तारी के बाद पुलिस का दावा है कि मामले में शेष आरोपी की पहचान और गिरफ्तारी की प्रक्रिया भी जल्द पूरी कर ली जाएगी। इस तरह, मुनीडीह पुलिस ने घटना के पीछे की पूरी साजिश को उजागर करने और अपराधियों को कानून के कटघरे में लाने में महत्वपूर्ण सफलता हासिल की है।