Delhi दिल्ली: केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने 32वें नॉर्दर्न जोनल काउंसिल मीट के दौरान कहा कि दिल्ली में हाल ही में हुए बम धमाके के दोषियों का पता हर हाल में लगाया जाएगा, चाहे इसके लिए उन्हें “नरक से भी” खोजने की आवश्यकता पड़े। उन्होंने कहा कि सरकार और सुरक्षा एजेंसियां आतंकवाद और आतंकी गतिविधियों के खिलाफ किसी भी प्रकार की ढील नहीं बरतेंगी और दोषियों को किसी भी कीमत पर सलाखों के पीछे लाया जाएगा। अमित शाह ने बैठक में कहा कि देश की राजधानी में हुई इस नापाक घटना ने सुरक्षा एजेंसियों के काम की गंभीरता को और बढ़ा दिया है। उन्होंने स्पष्ट किया कि दिल्ली बम धमाके जैसी घटनाओं में शामिल आतंकियों और उनके समर्थकों की पहचान कर उन्हें न्याय के कठघरे में लाने के लिए सभी संसाधन और तकनीकी क्षमता का इस्तेमाल किया जाएगा।
केंद्रीय गृह मंत्री ने कहा कि यह घटना देशवासियों के लिए एक चेतावनी भी है कि आतंकवादियों को किसी भी हालत में बख्शा नहीं जाएगा। उन्होंने राज्यों और केंद्र शासित प्रदेशों के गृह मंत्रियों तथा पुलिस प्रमुखों को निर्देश दिए कि वे आतंकवाद और उससे जुड़े अपराधों के मामलों में निगरानी और जांच को और तेज करें। बैठक में अमित शाह ने कहा कि सरकार ने कानून प्रवर्तन एजेंसियों को नवीनतम तकनीकी साधनों से लैस किया है, ताकि आतंकवादियों के नेटवर्क का पता लगाया जा सके। उन्होंने यह भी कहा कि दिल्ली बम धमाके के मामले में एनआईए और अन्य एजेंसियां तेजी से काम कर रही हैं और दोषियों की पहचान कर गिरफ्तारियां की जा रही हैं।
अमित शाह ने राज्य और केंद्र शासित प्रदेशों से अपील की कि वे आतंकवाद के खिलाफ अपने प्रयासों को मजबूत करें और साझा सूचना नेटवर्क के माध्यम से आतंकियों की हर गतिविधि पर निगरानी रखें। उन्होंने कहा कि यह न केवल सुरक्षा बढ़ाने के लिए जरूरी है बल्कि आम जनता में विश्वास बनाए रखने के लिए भी महत्वपूर्ण है। इसके अलावा गृह मंत्री ने यह भी कहा कि भारत का कानून और न्याय व्यवस्था किसी भी आतंकी गतिविधि के खिलाफ अडिग है। दोषियों को हर हाल में सलाखों के पीछे लाना प्राथमिकता है। उन्होंने जोर देकर कहा कि आतंकवादियों और उनके समर्थकों के खिलाफ निर्णायक कार्रवाई की जाएगी और उनकी हर चाल को फेल करने के लिए जमीनी और तकनीकी दोनों स्तर पर कार्रवाई जारी रहेगी। अमित शाह के इस बयान से स्पष्ट संदेश गया कि दिल्ली बम धमाके जैसे आतंकवादी हमलों को अंजाम देने वाले किसी भी व्यक्ति या संगठन को बचाया नहीं जाएगा। उन्होंने कहा कि सरकार और सुरक्षा एजेंसियां मिलकर इस तरह की घटनाओं को रोकने और दोषियों को पकड़ने में कोई कसर नहीं छोड़ेंगी।