Tamil Nadu तमिलनाडु: NEET UG परीक्षा में सफलता हासिल करने वाले छात्र विपिन ने प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी के दौरान मानसिक दबाव और तनाव से निपटने के लिए चलाए जा रहे कार्यक्रमों की सराहना की है। उन्होंने कहा कि मेडिकल प्रवेश परीक्षा की तैयारी के दौरान छात्रों को कई तरह की मानसिक चुनौतियों का सामना करना पड़ता है।
विपिन ने बताया कि हाल के दिनों में NEET की तैयारी करने वाले छात्रों के बीच तनाव और दबाव एक बड़ी समस्या बनकर सामने आया है। ऐसे में कोयंबटूर के चैतन्य संस्थान की ओर से छात्रों के मानसिक स्वास्थ्य और आत्मविश्वास को मजबूत करने के लिए कई कार्यक्रम आयोजित किए जा रहे हैं। उन्होंने कहा कि इन कार्यक्रमों में छात्रों को प्रतियोगी परीक्षाओं के दबाव से निपटने के तरीके बताए जाते हैं। साथ ही, उन्हें मानसिक रूप से मजबूत बनाने के लिए नि:शुल्क सत्र आयोजित किए जाते हैं।
विपिन के अनुसार, केवल पढ़ाई और परीक्षा की तैयारी ही सफलता के लिए पर्याप्त नहीं है, बल्कि तनाव को नियंत्रित करना और सकारात्मक सोच बनाए रखना भी जरूरी है। उन्होंने कहा कि इस तरह के मानसिक सहयोग से छात्रों को कठिन प्रतियोगी परीक्षाओं का सामना करने में मदद मिलती है।
NEET UG देश की सबसे कठिन प्रवेश परीक्षाओं में शामिल है, जिसमें लाखों छात्र मेडिकल कॉलेजों में दाखिले के लिए प्रतिस्पर्धा करते हैं। परीक्षा की तैयारी के दौरान लंबे अध्ययन घंटे, प्रतिस्पर्धा और परिणाम की चिंता के कारण कई छात्र मानसिक दबाव महसूस करते हैं।
विशेषज्ञों का भी मानना है कि प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी कर रहे छात्रों के लिए शैक्षणिक मार्गदर्शन के साथ मानसिक स्वास्थ्य सहायता भी महत्वपूर्ण है। विपिन ने कहा कि छात्रों को ऐसे प्रयासों से लाभ मिल रहा है और वे बेहतर आत्मविश्वास के साथ अपनी तैयारी जारी रख पा रहे हैं।