Volcano. ज्वालामुखी। ज्वालामुखी विधानसभा क्षेत्र की ग्राम पंचायत थिल्ल में पंचायत चुनावों के दौरान वोटों में धांधली के गंभीर आरोप सामने आए हैं। पंचायत के ग्रामीणों ने इस मामले को लेकर एसडीएम ज्वालामुखी के माध्यम से चुनाव आयोग को शिकायत पत्र सौंपकर निष्पक्ष जांच की मांग की है। ग्रामीणों का आरोप है कि पंचायत थिल्ल में मतदान प्रक्रिया दोपहर करीब 3:25 बजे समाप्त हो गई थी। पंचायत में कुल पांच वार्ड हैं और मतदान केंद्र से पंचायतघर, जहां मतगणना होनी थी, की दूरी लगभग 80 मीटर है। बावजूद इसके चार वार्डों की मतपेटियां करीब चार बजे पंचायत घर पहुंच गईं, जबकि वार्ड नंबर एक की मतपेटी लगभग अढ़ाई घंटे की देरी के बाद भी नहीं पहुंची। लोगों का कहना है कि जब इस बारे में एआरओ से शिकायत की गई तो उन्होंने बताया कि अभी डाक बनाई जा रही है तथा सीलिंग करने वाला स्टाफ नया है और उसे चुनावी सीलिंग की पूरी जानकारी नहीं है। ग्रामीणों का आरोप है कि इस दौरान एआरओ ने कोई ठोस कार्रवाई नहीं की।
बाद में जब लोगों में भारी आक्रोश फैल गया तो एआरओ ने फोन कर करीब 10-15 मिनट के भीतर मतपेटी मंगवाई, जिसे बिना किसी कवर और बिना उचित सीलिंग के पंचायत घर पहुंचाया गया। ग्रामीणों के अनुसार मतपेटी को बिना पुलिस सुरक्षा के किसी व्यक्ति के कंधे पर लाया गया, जिसकी वीडियोग्राफी भी की गई है। ग्रामीणों ने आरोप लगाया कि वार्ड नंबर चार में प्रधान पद की प्रत्याशी मनभरी के सगे भाई की ड्यूटी लगाई गई थी और उसी वार्ड में वोटों में धांधली हुई है। शिकायत में यह भी कहा गया है कि मतदान समाप्त होने के बाद कुल 921 वोट डाले जाने की जानकारी दी गई थी, जबकि मतगणना पूरी होने पर कुल वोटों की संख्या 928 बताई गई। ग्रामीणों ने प्रधान पद के रिजेक्ट वोटों की गिनती पर भी सवाल उठाए हैं। उनका आरोप है कि प्रत्याशी मनभरी के रिजेक्ट वोट भी उसकी गिनती में शामिल किए गए।