देहरादून में जन्माष्टमी की धूम वृंदावन के कलाकार दिखाएंगे लीला
कान्हा के जन्मोत्सव
देहरादून: भगवान श्रीकृष्ण के जन्मोत्सव जन्माष्टमी को लेकर द्रोणनगरी देहरादून पूरी तरह तैयार है। शहर के मंदिरों में रंग-बिरंगी सजावट, आकर्षक झांकियां और विशेष पूजा-अर्चना की तैयारियां पूरी कर ली गई हैं। कई स्थानों पर वृंदावन से आए कलाकार रासलीला और सांस्कृतिक प्रस्तुतियां देंगे। जन्माष्टमी के मौके पर मंदिरों में भगवान कृष्ण के बाल स्वरूप लड्डू गोपाल का विशेष श्रृंगार किया जाएगा। श्रद्धालुओं के लिए भजन-कीर्तन, झांकी दर्शन और धार्मिक कार्यक्रमों का आयोजन किया जा रहा है।
मंदिरों में दिखेगा भक्ति का रंग
देहरादून के प्रमुख मंदिरों में जन्माष्टमी उत्सव को लेकर विशेष तैयारियां की गई हैं। कहीं कृष्ण जन्म की झांकी सजाई जा रही है तो कहीं भगवान श्रीकृष्ण की लीलाओं पर आधारित कार्यक्रम आयोजित होंगे। वृंदावन से आने वाले कलाकार रासलीला के जरिए भगवान कृष्ण की बाल लीलाओं और धार्मिक प्रसंगों का मंचन करेंगे। इससे श्रद्धालुओं को वृंदावन जैसा आध्यात्मिक माहौल मिलने की उम्मीद है।
निशीथ काल में होगी विशेष पूजा
धार्मिक मान्यताओं के अनुसार भगवान श्रीकृष्ण का जन्म मध्यरात्रि में हुआ था, इसलिए जन्माष्टमी पर निशीथ काल में पूजा का विशेष महत्व माना जाता है। देहरादून में निशीथ पूजा का शुभ मुहूर्त रात 11:57 बजे से 12:43 बजे तक रहेगा। मध्यरात्रि का क्षण करीब 12:17 बजे रहेगा। इस दौरान भक्त लड्डू गोपाल का पंचामृत से अभिषेक, नए वस्त्रों से श्रृंगार, माखन-मिश्री और मिठाइयों का भोग लगाकर आरती करेंगे।
सुरक्षा और व्यवस्था पर भी ध्यान
बड़ी संख्या में श्रद्धालुओं के पहुंचने की संभावना को देखते हुए मंदिर समितियों और प्रशासन की ओर से सुरक्षा व्यवस्था के इंतजाम किए जा रहे हैं। भीड़ नियंत्रण और सुचारू दर्शन के लिए विशेष व्यवस्था की गई है।