फर्रुखाबाद। उत्तर प्रदेश के फर्रुखाबाद जिले के शमसाबाद थाना क्षेत्र में बुधवार सुबह एक दिल दहला देने वाली घटना सामने आई। यहां मानसिक रूप से विक्षिप्त बताए जा रहे एक युवक ने अपनी 55 वर्षीय मां की सिलबट्टे से हमला कर हत्या कर दी। वारदात के बाद जब उसकी बहन घर पहुंची तो आरोपी ने उसे भी कमरे में खींचकर पीटने की कोशिश की। शोर सुनकर पहुंचे ग्रामीणों ने किसी तरह बहन को बचाया और आरोपी बेटे को पकड़कर रस्सी से बांध दिया। बाद में उसे पुलिस के हवाले कर दिया गया।
घटना शमसाबाद क्षेत्र के गांव खुड़नावैध की है। गांव निवासी दुलारे राठौर की पत्नी नहीं देवी अपने दूसरे बेटे पंकज राठौर और सबसे छोटी बेटी सुषमा के साथ रहती थीं। परिवार के अनुसार, बड़ा बेटा शिवम राठौर अपनी पत्नी और बच्चों के साथ पानीपत में रहकर नौकरी करता है। घर पर पंकज अपनी मां और बहन के साथ रहता था।
बुधवार सुबह करीब छह बजे पंकज ने अचानक अपनी मां को कमरे में बंद कर लिया। इसके बाद उसने सिलबट्टे से हमला कर मां की बेरहमी से हत्या कर दी। घटना के समय घर के आसपास मौजूद लोगों को इसकी भनक तक नहीं लगी। कुछ देर बाद जब पंकज की बहन सुषमा मवेशियों को चारा डालकर वापस घर लौटी तो उसने कमरे का दरवाजा अंदर से बंद पाया।
सुषमा ने दरवाजा खोलने के लिए आवाज लगाई, लेकिन अंदर से कोई जवाब नहीं मिला। इसके बाद वह चीखने लगी। आरोप है कि पंकज ने दरवाजा खोलकर बहन को भी कमरे के अंदर खींच लिया और उसके साथ मारपीट शुरू कर दी। बहन की चीख सुनकर आसपास के ग्रामीण मौके पर पहुंचे। ग्रामीणों ने काफी मशक्कत के बाद दरवाजा खुलवाया और सुषमा को आरोपी के चंगुल से बाहर निकाला। मारपीट में सुषमा के गर्दन में चोट आई है।
घटना के बाद ग्रामीणों ने आरोपी पंकज को पकड़ लिया और उसे रस्सी से बांध दिया, ताकि वह किसी और को नुकसान न पहुंचा सके। सूचना मिलने के बाद पुलिस मौके पर पहुंची और आरोपी को हिरासत में ले लिया। पुलिस ने घटनास्थल की जांच की और खून से सना सिलबट्टा बरामद कर लिया।
मामले की गंभीरता को देखते हुए अपर पुलिस अधीक्षक गिरीश कुमार सिंह, क्षेत्राधिकारी कायमगंज राजेश कुमार द्विवेदी और थाना प्रभारी सचिन सिंह चौधरी मौके पर पहुंचे। फोरेंसिक टीम ने भी घटनास्थल से जरूरी साक्ष्य जुटाए हैं। पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है।
ग्रामीणों ने पुलिस को बताया कि पंकज पिछले कुछ वर्षों से मानसिक बीमारी से परेशान था। करीब तीन साल पहले उसकी मानसिक स्थिति खराब हुई थी, जिसके बाद परिवार ने उसका इलाज कराया था। इलाज के बाद उसकी हालत में सुधार आया तो परिजनों ने उसे मंझना गांव में कॉस्मेटिक की दुकान खुलवा दी थी।
ग्रामीणों के मुताबिक, बीते 27 जुलाई को पंकज की मानसिक स्थिति फिर बिगड़ गई थी। उसने मंझना गांव में किसी व्यक्ति के साथ मारपीट कर दी थी। इसके बाद वह अपने गांव लौट आया और वहां भी पत्थरबाजी की थी। उसकी मानसिक स्थिति को देखते हुए ग्रामीणों ने ज्यादा विरोध नहीं किया था।
पुलिस अधिकारियों ने बताया कि प्रारंभिक जांच में सामने आया है कि आरोपी युवक मानसिक रूप से परेशान था। फिलहाल पुलिस सभी पहलुओं की जांच कर रही है। क्षेत्राधिकारी कायमगंज राजेश द्विवेदी ने बताया कि युवक को गिरफ्तार कर लिया गया है और मामले में आगे की कानूनी कार्रवाई की जा रही है।
इस घटना के बाद पूरे गांव में मातम और दहशत का माहौल है। एक बेटे द्वारा अपनी ही मां की हत्या किए जाने की घटना से ग्रामीण स्तब्ध हैं। पुलिस अब हत्या के कारणों और आरोपी की मानसिक स्थिति से जुड़े सभी तथ्यों की जांच कर रही है।