शाहजहांपुर : उत्तर प्रदेश के शाहजहांपुर जिले में मंदिर परिसर के भीतर एक व्यक्ति का अंतिम संस्कार किए जाने को लेकर विवाद सामने आया है। मामला जैतीपुर थाना क्षेत्र के हिम्मतपुर गांव स्थित खाटू श्याम मंदिर का है। मंदिर के पुजारी ने गांव के कुछ लोगों पर उनकी गैरमौजूदगी में चारदीवारी के अंदर चिता जलाने का आरोप लगाया है। उनका कहना है कि इस घटना का विरोध करने पर उन्हें धमकियां भी दी गईं। पुजारी ने आशंका जताई है कि अंतिम संस्कार वाली जगह पर समाधि बनाकर मंदिर की जमीन पर कब्जा किया जा सकता है। शिकायत मिलने के बाद पुलिस मामले की जांच में जुट गई है।
पुजारी के मुताबिक, जिस समय मंदिर परिसर में अंतिम संस्कार किया गया, उस समय वह वहां मौजूद नहीं थे। उन्होंने आरोप लगाया कि उनकी अनुपस्थिति में गांव के कुछ लोगों ने मंदिर की चारदीवारी के भीतर एक व्यक्ति की चिता जला दी। मंदिर परिसर के अंदर अंतिम संस्कार किए जाने पर उन्होंने आपत्ति जताई है। उनकी शिकायत में अंतिम संस्कार के लिए चुनी गई जगह के साथ ही विरोध करने पर कथित रूप से मिली धमकियों का मामला भी शामिल है।
पुजारी का कहना है कि मंदिर की चारदीवारी के भीतर चिता जलाने को लेकर जब उन्होंने विरोध किया तो संबंधित लोगों ने उन्हें धमकाया। उन्होंने गांव के कुछ लोगों पर गंभीर आरोप लगाते हुए मामले की शिकायत की है। फिलहाल यह आरोप पुजारी की ओर से लगाए गए हैं और पुलिस इनकी जांच कर रही है। विरोध के दौरान किन शब्दों में धमकी दी गई और उस समय वहां कौन-कौन मौजूद था, इसकी विस्तृत जानकारी सामने नहीं आई है।
इस विवाद में पुजारी ने मंदिर की जमीन को लेकर भी चिंता जताई है। उनकी आशंका है कि जिस स्थान पर चिता जलाई गई, वहां आगे समाधि बनाई जा सकती है। उन्होंने इसे मंदिर की जमीन पर संभावित कब्जे से जोड़ते हुए शिकायत में अपना पक्ष रखा है। हालांकि, अभी सामने आए विवरण में उस जगह पर समाधि बनाए जाने की पुष्टि नहीं है। समाधि बनाकर जमीन कब्जाने की बात फिलहाल पुजारी की ओर से जताई गई आशंका है।
मंदिर परिसर में अंतिम संस्कार और भविष्य में जमीन पर कब्जे की आशंका, इस मामले के दो अलग पहलू हैं। पुजारी का पहला आरोप है कि उनकी गैरमौजूदगी में चारदीवारी के अंदर चिता जलाई गई। दूसरा आरोप विरोध करने पर धमकी दिए जाने का है। इसके अतिरिक्त उन्होंने चिता वाली जगह के भविष्य में इस्तेमाल को लेकर चिंता व्यक्त की है। पुलिस जांच के बाद ही इन आरोपों और घटना की परिस्थितियों के बारे में स्थिति स्पष्ट हो सकेगी।
हिम्मतपुर गांव के खाटू श्याम मंदिर से जुड़े इस विवाद में अंतिम संस्कार का स्थान प्रमुख मुद्दा बना हुआ है। पुजारी ने अपनी शिकायत में विशेष तौर पर मंदिर की चारदीवारी के भीतर चिता जलाए जाने की बात कही है। उनकी आपत्ति इसी स्थान पर अंतिम संस्कार किए जाने को लेकर है। उपलब्ध जानकारी में यह स्पष्ट नहीं है कि अंतिम संस्कार के लिए मंदिर परिसर को क्यों चुना गया और संबंधित लोगों ने इस संबंध में क्या तर्क दिया है।
जिस व्यक्ति का अंतिम संस्कार किया गया, उसकी पहचान और मृत्यु की परिस्थितियों का विवरण भी सामने नहीं आया है। गांव के जिन लोगों पर आरोप लगाए गए हैं, उनके नाम और उनका पक्ष उपलब्ध जानकारी में शामिल नहीं है। इसलिए अभी मामले का विवरण पुजारी की शिकायत और पुलिस जांच शुरू होने की जानकारी तक सीमित है। किसी व्यक्ति या समूह की जिम्मेदारी तय करने से पहले घटना से जुड़े तथ्यों की जांच जरूरी होगी।
शिकायत मिलने के बाद पुलिस मामले की जांच में जुट गई है। जांच का परिणाम अभी सामने नहीं आया है। मंदिर परिसर के भीतर अंतिम संस्कार किए जाने, पुजारी के विरोध और कथित धमकियों से जुड़े आरोपों की वास्तविक स्थिति जांच पूरी होने पर स्पष्ट होगी। फिलहाल किसी गिरफ्तारी, मुकदमा दर्ज किए जाने या अन्य कार्रवाई की जानकारी उपलब्ध नहीं है। पुलिस की ओर से विस्तृत निष्कर्ष सामने आने तक पुजारी के आरोपों को आरोप के रूप में ही देखा जाना चाहिए।
पुजारी की चिंता उस जगह को लेकर है, जहां उनके मुताबिक चिता जलाई गई। उन्होंने आशंका व्यक्त की है कि वहां समाधि बनाकर जमीन पर कब्जा किया जा सकता है। इस आशंका को वर्तमान में कब्जा हो जाने की पुष्टि नहीं माना जा सकता। अभी उपलब्ध विवरण में मंदिर की जमीन के स्वामित्व संबंधी दस्तावेजों या पहले से चल रहे किसी भूमि विवाद का उल्लेख नहीं है। ऐसे में जमीन पर कब्जे के आरोप की स्थिति भी जांच से ही स्पष्ट होगी।
शाहजहांपुर के जैतीपुर थाना क्षेत्र में सामने आए इस मामले में पुजारी ने मंदिर परिसर में अंतिम संस्कार किए जाने और विरोध पर धमकियां मिलने की शिकायत की है। पुलिस अब मामले की जांच कर रही है। जांच से यह स्पष्ट होना बाकी है कि अंतिम संस्कार किन परिस्थितियों में किया गया और पुजारी के आरोपों में क्या तथ्य सामने आते हैं। वहीं, चिता वाली जगह पर समाधि बनाकर मंदिर की जमीन कब्जाने की बात फिलहाल उनकी आशंका बनी हुई है।