Tamil Nadu: तमिलनाडु : पूर्व AIADMK महासचिव V.K. Sasikala ने राज्य की वर्तमान DMK सरकार पर किसानों की समस्याओं को अनदेखा करने का आरोप लगाया है। Thanjavur में आयोजित एक कार्यक्रम में उन्होंने कहा कि "DMK सरकार किसानों द्वारा सामना की जाने वाली समस्याओं को हल करने में नाकाम रही है। इसमें खरीद केंद्रों की कमी और 8,000 से अधिक एकड़ भूमि में बाढ़ जैसी गंभीर परिस्थितियाँ शामिल हैं। Sasikala ने कहा कि किसानों को उचित समर्थन और संसाधन उपलब्ध नहीं कराए जा रहे हैं। उन्होंने यह भी कहा कि सरकार की नीतियाँ ग्रामीण विकास और कृषि सुधार के लिए पर्याप्त नहीं हैं। पूर्व AIADMK नेता ने जोर देकर कहा कि किसानों की समस्याओं का समाधान करने के लिए तत्काल कदम उठाना आवश्यक है, अन्यथा ग्रामीण क्षेत्र और कृषि क्षेत्र दोनों प्रभावित होंगे।
उन्होंने यह आरोप भी लगाया कि DMK सरकार ने फसल संरक्षण और आपदा प्रबंधन के मामलों में भी उपेक्षा की है। Thanjavur क्षेत्र में बाढ़ की स्थिति ने हजारों किसानों की फसलें नष्ट कर दी हैं, जिससे उनके जीवन और आजीविका पर गंभीर प्रभाव पड़ा है। Sasikala ने सरकार से मांग की कि प्रभावित किसानों को राहत और मुआवजा प्रदान किया जाए। पूर्व महासचिव ने यह भी कहा कि AIADMK की नीतियाँ किसानों के हित में रही हैं और उनके द्वारा कार्यान्वित योजनाओं ने हमेशा कृषि क्षेत्र को मजबूत करने का प्रयास किया। उन्होंने कहा कि राज्य सरकार को किसानों की समस्याओं को प्राथमिकता देने और कृषि क्षेत्र में स्थायी सुधार लाने के लिए तत्काल कदम उठाने होंगे।
Sasikala के बयान ने राजनीति में हलचल मचा दी है। विपक्ष और मीडिया ने इस मुद्दे को राज्य सरकार के प्रदर्शन के संदर्भ में महत्वपूर्ण बताया है। कृषि क्षेत्र की समस्याओं और किसानों की स्थिति पर ध्यान न देने के कारण राज्य में राजनीतिक और सामाजिक बहस तेज हो गई है। पूर्व महासचिव ने जनता से अपील की कि वे किसानों के हित में आवाज उठाएं और सरकार से मांग करें कि तत्काल राहत उपाय और लंबी अवधि की नीतियाँ लागू की जाएँ। उन्होंने यह भी कहा कि कृषि क्षेत्र की समस्याओं का समाधान केवल सरकारी नीतियों और योजनाओं के माध्यम से ही संभव है।