Tamil Nadu तमिलनाडु : मदुरै जिला न्यायालय ने मदापुरम अजितकुमार हत्याकांड में केंद्रीय जाँच ब्यूरो (सीबीआई) द्वारा दायर आरोपपत्र को कई खामियों का हवाला देते हुए वापस कर दिया है। अदालत ने सीबीआई को इन खामियों को दूर करके दस्तावेज़ दोबारा जमा करने का निर्देश दिया है।
यह मामला पुलिस कांस्टेबल अजितकुमार की मौत से जुड़ा है, जो आभूषण चोरी के एक मामले की जाँच के घेरे में थे। उनकी मौत को "लॉकअप डेथ" बताया गया था, जो एक गंभीर आरोप था जिसके कारण संबंधित पुलिस अधिकारियों को गिरफ्तार किया गया था। आरोपों की गंभीरता को देखते हुए, मदुरै उच्च न्यायालय ने पहले सीबीआई को जाँच अपने हाथ में लेने का आदेश दिया था।
गहन जाँच के बाद, सीबीआई ने मदुरै जिला न्यायालय में अपना आरोपपत्र दायर किया। हालाँकि, समीक्षा के बाद, अदालत ने कई त्रुटियाँ और अशुद्धियाँ पाईं, जिसके कारण दस्तावेज़ वापस कर दिया गया। विशिष्ट खामियों का विस्तृत विवरण नहीं दिया गया है, लेकिन अदालत का यह कदम न्याय सुनिश्चित करने के लिए सावधानीपूर्वक तैयार किए गए आरोपपत्र की आवश्यकता को रेखांकित करता है। सीबीआई को अब पहचाने गए मुद्दों को ठीक करने और कानूनी कार्यवाही को आगे बढ़ाने के लिए आरोपपत्र को फिर से दाखिल करने का काम सौंपा गया है।