गंगटोक : सिक्किम और दार्जिलिंग क्षेत्र के किसानों की सहायता के लिए AI-इनेबल्ड WhatsApp चैटबॉट का पायलट टेस्ट किया गया है। इस डिजिटल पहल का उद्देश्य किसानों को खेती से जुड़ी जानकारी और जरूरी सलाह आसानी से उपलब्ध कराना है।

AI आधारित यह चैटबॉट किसानों को फसल, मौसम, कृषि तकनीक और अन्य जरूरी विषयों से जुड़ी जानकारी देने में मदद करेगा।
किसानों तक पहुंचेगी तकनीकी मदद
ग्रामीण क्षेत्रों में किसानों को कई बार कृषि विशेषज्ञों तक पहुंचने में कठिनाई होती है। ऐसे में AI चैटबॉट के जरिए उन्हें मोबाइल के माध्यम से तुरंत जानकारी उपलब्ध कराने का प्रयास किया जा रहा है।
WhatsApp के जरिए मिलेगी सुविधा
चैटबॉट को WhatsApp प्लेटफॉर्म पर विकसित किया गया है, जिससे किसान बिना किसी अतिरिक्त ऐप के इसका उपयोग कर सकेंगे। यह तकनीक स्थानीय भाषा और किसानों की जरूरतों के अनुसार जानकारी उपलब्ध कराने में मदद कर सकती है।
पायलट प्रोजेक्ट का उद्देश्य
पायलट टेस्ट के दौरान यह देखा जा रहा है कि किसान इस तकनीक का कितना आसानी से उपयोग कर पा रहे हैं और उन्हें किस तरह की जानकारी की सबसे ज्यादा जरूरत है।फीडबैक के आधार पर इस सेवा को और बेहतर बनाने की योजना है।
कृषि क्षेत्र में बढ़ता डिजिटल इस्तेमाल
देश में कृषि क्षेत्र में डिजिटल तकनीक के इस्तेमाल को बढ़ावा दिया जा रहा है। AI, मोबाइल सेवाओं और डेटा आधारित समाधानों के जरिए किसानों तक बेहतर जानकारी पहुंचाने के प्रयास किए जा रहे हैं। सिक्किम और दार्जिलिंग में यह पहल किसानों को आधुनिक तकनीक से जोड़ने की दिशा में एक कदम मानी जा रही है।
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