शिक्षक दिवस पर नहीं मिलेगा मुख्यमंत्री शिक्षा पुरस्कार आखिरी वक्त पर समारोह रद्द
भुवनेश्वर। ओडिशा में राज्य स्तरीय सम्मान का इंतजार कर रहे शिक्षकों को अभी और इंतजार करना पड़ेगा। शिक्षक दिवस यानी 5 सितंबर को प्रस्तावित ‘मुख्यमंत्री शिक्षा पुरस्कार’ समारोह को आखिरी समय पर रद्द कर दिया गया है। इस कार्यक्रम में वर्ष 2024 और 2025 के लिए चयनित शिक्षकों को राज्य स्तरीय पुरस्कार से सम्मानित किया जाना था। समारोह के लिए स्थान और समय निर्धारित हो चुका था और पुरस्कार पाने वाले शिक्षकों को निमंत्रण भी भेजे जा चुके थे। इसके बावजूद कार्यक्रम से महज दो दिन पहले इसे स्थगित करने की सूचना जारी कर दी गई।
‘पंचसखा शिक्षा सेतु’ के मुख्य कार्यकारी अधिकारी (CEO) ने 3 सितंबर को सभी जिला कलेक्टरों को पत्र भेजकर कार्यक्रम रद्द किए जाने की जानकारी दी। पत्र में बताया गया कि मुख्यमंत्री मोहन चरण माझी की एक जरूरी व्यस्तता के कारण शिक्षक दिवस पर प्रस्तावित समारोह आयोजित नहीं किया जा सकेगा।
5 सितंबर को होना था पुरस्कार समारोह
मुख्यमंत्री शिक्षा पुरस्कार समारोह का आयोजन शिक्षक दिवस के अवसर पर किया जाना था। कार्यक्रम के लिए राज्य स्तर पर तैयारियां की गई थीं। आयोजन स्थल और समय तय करने के साथ उन शिक्षकों को भी सूचना भेजी गई थी जिनका चयन सम्मान के लिए हुआ था।
राज्य के अलग-अलग हिस्सों से चयनित शिक्षक इस कार्यक्रम में शामिल होने की तैयारी कर रहे थे। शिक्षक दिवस के मौके पर राज्य सरकार की ओर से सम्मान मिलने को लेकर उनमें उत्साह था।
लेकिन समारोह से ठीक पहले कार्यक्रम रद्द होने की सूचना मिलने से अब पुरस्कार विजेताओं को नई तारीख का इंतजार करना होगा।
3 सितंबर को कलेक्टरों को भेजा गया पत्र
कार्यक्रम रद्द करने की आधिकारिक सूचना 3 सितंबर को जिला प्रशासन तक पहुंचाई गई। पंचसखा शिक्षा सेतु के CEO की ओर से सभी जिला कलेक्टरों को पत्र भेजा गया।
इसमें स्पष्ट किया गया कि मुख्यमंत्री की जरूरी व्यस्तता के कारण 5 सितंबर का कार्यक्रम रद्द किया जा रहा है। साथ ही कलेक्टरों को निर्देश दिया गया कि वे अपने-अपने जिलों में पुरस्कार के लिए चयनित लोगों तक यह जानकारी पहुंचाएं।
इस निर्देश का उद्देश्य यह सुनिश्चित करना था कि कोई भी पुरस्कार विजेता पूर्व निर्धारित कार्यक्रम के अनुसार आयोजन स्थल के लिए रवाना न हो।
निमंत्रण भेजे जाने के बाद बदला कार्यक्रम
समारोह रद्द होने की चर्चा इसलिए भी हो रही है क्योंकि इसकी तैयारियां काफी आगे बढ़ चुकी थीं। पुरस्कार के लिए चयनित शिक्षकों को निमंत्रण भेजे जा चुके थे और आयोजन का स्थान तथा समय भी तय था।
ऐसे में अंतिम समय पर कार्यक्रम स्थगित होने से चयनित शिक्षकों की योजनाओं में बदलाव आया है। कई शिक्षकों को राज्य स्तरीय समारोह में शामिल होने के लिए यात्रा और अन्य तैयारियां करनी थीं।
हालांकि सरकार ने साफ किया है कि पुरस्कार समारोह पूरी तरह समाप्त नहीं किया गया है। इसे बाद में आयोजित किया जाएगा।
नई तारीख का करना होगा इंतजार
पत्र में कहा गया है कि राज्य स्तरीय मुख्यमंत्री शिक्षा पुरस्कार समारोह की नई तारीख और समय की घोषणा बाद में की जाएगी।
इसका मतलब है कि वर्ष 2024 और 2025 के लिए चयनित पुरस्कार विजेताओं को सम्मान मिलेगा, लेकिन इसके लिए फिलहाल कोई नई तारीख तय नहीं की गई है।
जैसे ही कार्यक्रम का नया कार्यक्रम निर्धारित होगा, संबंधित अधिकारियों और पुरस्कार विजेताओं को इसकी सूचना दी जाएगी।
कलेक्टरों को दी गई अहम जिम्मेदारी
राज्य के सभी जिला कलेक्टरों को पुरस्कार विजेताओं तक समारोह रद्द होने की सूचना पहुंचाने की जिम्मेदारी दी गई है। चूंकि सम्मान के लिए अलग-अलग जिलों से शिक्षकों का चयन किया गया है, इसलिए जिला प्रशासन के माध्यम से जानकारी पहुंचाने की व्यवस्था की गई।
प्रशासन को यह सुनिश्चित करना होगा कि प्रत्येक संबंधित शिक्षक और अन्य पुरस्कार विजेता तक कार्यक्रम में हुए बदलाव की जानकारी समय पर पहुंचे।
इससे अंतिम समय पर होने वाली असुविधा को कम किया जा सकेगा।
शिक्षक दिवस पर सम्मान का था इंतजार
हर साल 5 सितंबर को देशभर में शिक्षक दिवस मनाया जाता है। इस अवसर पर शिक्षा के क्षेत्र में उल्लेखनीय योगदान देने वाले शिक्षकों को विभिन्न स्तरों पर सम्मानित किया जाता है।
ओडिशा में भी मुख्यमंत्री शिक्षा पुरस्कार समारोह को इसी अवसर से जोड़ा गया था। वर्ष 2024 और 2025 के लिए चुने गए शिक्षकों को एक साथ राज्य स्तरीय मंच पर सम्मानित किए जाने की योजना थी।
चयनित शिक्षकों के लिए यह केवल पुरस्कार प्राप्त करने का अवसर नहीं बल्कि उनके शैक्षणिक योगदान की सार्वजनिक पहचान भी है। ऐसे में समारोह स्थगित होने के बाद उनकी नजर अब नई तारीख की घोषणा पर है।
मुख्यमंत्री की व्यस्तता बनी वजह
अधिकारियों की ओर से जारी पत्र के मुताबिक कार्यक्रम रद्द करने का कारण मुख्यमंत्री मोहन चरण माझी की जरूरी व्यस्तता बताई गई है।
हालांकि मुख्यमंत्री की वह जरूरी व्यस्तता क्या है, इसका विस्तृत विवरण उपलब्ध जानकारी में नहीं दिया गया। पत्र में मुख्य रूप से कार्यक्रम स्थगित करने और संबंधित लोगों तक सूचना पहुंचाने के निर्देश दिए गए हैं।
सरकार ने यह भी स्पष्ट किया है कि पुरस्कार समारोह बाद में होगा, जिससे चयनित शिक्षकों के सम्मान को लेकर स्थिति साफ है।
पुरस्कार योजना का उद्देश्य
मुख्यमंत्री शिक्षा पुरस्कार जैसी पहल का उद्देश्य शिक्षा के क्षेत्र में अच्छा कार्य करने वाले शिक्षकों और अन्य संबंधित लोगों को प्रोत्साहित करना है। ऐसे पुरस्कार शिक्षकों के योगदान को पहचान देने के साथ शिक्षा व्यवस्था में नवाचार और बेहतर प्रदर्शन को भी बढ़ावा देते हैं।
राज्य स्तर पर सम्मान मिलने से शिक्षकों के काम को व्यापक पहचान मिलती है और दूसरे शिक्षक भी बेहतर कार्य के लिए प्रेरित होते हैं।
इसी वजह से शिक्षक दिवस के अवसर पर होने वाला यह कार्यक्रम चयनित शिक्षकों के लिए विशेष महत्व रखता था।
अब नई घोषणा पर नजर
फिलहाल राज्य स्तरीय मुख्यमंत्री शिक्षा पुरस्कार समारोह के आयोजन की नई तारीख घोषित नहीं की गई है। पंचसखा शिक्षा सेतु की ओर से कहा गया है कि नई तारीख और समय की जानकारी अलग से दी जाएगी।
अब वर्ष 2024 और 2025 के लिए सम्मानित होने वाले शिक्षकों की नजर सरकार की अगली घोषणा पर रहेगी। कार्यक्रम की तैयारियां पूरी होने और निमंत्रण भेजे जाने के बावजूद आखिरी समय में हुए बदलाव के कारण इस बार शिक्षक दिवस पर राज्य स्तरीय पुरस्कार समारोह नहीं हो सकेगा।