अंबरनाथ : महाराष्ट्र के अंबरनाथ इलाके में एक कथित पशु क्रूरता का मामला सामने आया है, जिसका वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है। आरोप है कि एक बुजुर्ग व्यक्ति ने रविवार को एक इमारत की 12वीं मंजिल से एक बिल्ली को नीचे धक्का दे दिया, जिससे उसकी मौत हो गई। घटना के बाद स्थानीय लोगों और पशु प्रेमियों में नाराजगी देखी जा रही है।
यह घटना अंबरनाथ के पालेगांव स्थित रॉयल फ्लोरा बिल्डिंग की बताई जा रही है। वायरल वीडियो के आधार पर दावा किया जा रहा है कि यह घटना इमारत के ‘A विंग’ में हुई। रिपोर्ट्स के मुताबिक, घटना 26 जुलाई की शाम करीब 5:30 बजे हुई, जब 12वीं मंजिल के डक्ट क्षेत्र के पास एक बिल्ली दिखाई दे रही थी।
वीडियो में कथित तौर पर एक बुजुर्ग व्यक्ति बिल्ली के पास जाते हुए नजर आ रहा है। आरोप है कि व्यक्ति ने धीरे-धीरे बिल्ली के करीब पहुंचकर उसे नीचे धकेल दिया। इसके बाद बिल्ली नीचे गिर गई और उसकी मौत हो गई। हालांकि, घटना से जुड़े सभी तथ्यों की पुष्टि जांच के बाद ही हो सकेगी।
घटना का वीडियो सोशल मीडिया पर सामने आने के बाद लोगों ने इसकी कड़ी आलोचना की। कई यूजर्स ने पशु के साथ इस तरह के व्यवहार को लेकर नाराजगी जताई और आरोपी के खिलाफ सख्त कार्रवाई की मांग की। पशु अधिकार कार्यकर्ताओं ने भी मामले में हस्तक्षेप करने की अपील की है।
स्थानीय लोगों के अनुसार, घटना के बाद इमारत में रहने वाले कई लोग स्तब्ध रह गए। उनका कहना है कि जानवरों के साथ इस तरह की क्रूरता को किसी भी स्थिति में स्वीकार नहीं किया जा सकता। लोगों ने मांग की है कि मामले की निष्पक्ष जांच कर दोषी पाए जाने वाले व्यक्ति के खिलाफ कानूनी कार्रवाई की जाए।
पशु क्रूरता के मामलों में भारत में कानून मौजूद हैं और किसी जानवर को जानबूझकर नुकसान पहुंचाना अपराध की श्रेणी में आता है। ऐसे मामलों में शिकायत मिलने के बाद पुलिस जांच करती है और उपलब्ध साक्ष्यों के आधार पर कार्रवाई की जाती है।
फिलहाल इस मामले में वीडियो को अहम सबूत माना जा रहा है। पुलिस और संबंधित अधिकारियों की ओर से घटना की जांच किए जाने की जानकारी सामने आई है। जांच में वीडियो की सत्यता, घटना की परिस्थितियों और इसमें शामिल व्यक्ति की भूमिका की पुष्टि की जाएगी।
सोशल मीडिया पर वायरल होने वाले ऐसे वीडियो कई बार पशु सुरक्षा को लेकर बहस छेड़ देते हैं। विशेषज्ञों का कहना है कि जानवरों के प्रति संवेदनशीलता और जिम्मेदार व्यवहार जरूरी है। किसी भी समस्या की स्थिति में जानवर को नुकसान पहुंचाने के बजाय संबंधित पशु सहायता संगठनों या स्थानीय प्रशासन से मदद ली जानी चाहिए।
पशु प्रेमियों का कहना है कि शहरों में इंसानों और जानवरों के बीच बढ़ते संपर्क के कारण ऐसी घटनाओं को रोकने के लिए जागरूकता बढ़ाने की जरूरत है। आवासीय इमारतों में रहने वाले लोगों को भी यह समझना चाहिए कि जानवरों के साथ हिंसा समस्या का समाधान नहीं है।
इस घटना ने एक बार फिर पशु सुरक्षा और इंसानी व्यवहार को लेकर सवाल खड़े कर दिए हैं। अब सभी की नजर जांच पर है, जिससे यह स्पष्ट हो सकेगा कि वायरल वीडियो में दिख रही घटना की वास्तविकता क्या है और इस मामले में आगे कौन-सी कार्रवाई की जाएगी।
फिलहाल सोशल मीडिया पर लोग बिल्ली की मौत को लेकर दुख और आक्रोश व्यक्त कर रहे हैं। वहीं, स्थानीय स्तर पर भी इस मामले में न्याय की मांग तेज हो गई है।