Karnataka : सूखे का संकट गहराया, बसवराज बोम्मई ने तत्काल सूखा घोषित करने की मांग की
Karnataka कर्नाटक: बारिश की कमी के कारण सूखे जैसे हालात बनते जा रहे हैं। यदि अगले एक सप्ताह में पर्याप्त वर्षा नहीं हुई तो राज्य पूर्ण सूखे की स्थिति की ओर बढ़ सकता है। इस स्थिति को देखते हुए पूर्व मुख्यमंत्री और सांसद बसवराज बोम्मई ने राज्य सरकार से तुरंत सूखा घोषित करने की मांग की है।
हुबली में पत्रकारों से बातचीत करते हुए बसवराज बोम्मई ने कहा कि राज्य में अब तक केवल 30 प्रतिशत क्षेत्र में ही बुआई हो पाई है, जबकि 70 प्रतिशत क्षेत्रों में अब तक बुआई शुरू नहीं हो सकी है। उन्होंने कहा कि लगातार बारिश की कमी के कारण किसानों को भारी नुकसान का सामना करना पड़ रहा है और कृषि गतिविधियां बुरी तरह प्रभावित हुई हैं।
उन्होंने चेतावनी दी कि यदि अगले एक सप्ताह में बारिश नहीं होती है तो राज्य में पीने के पानी की समस्या भी गंभीर रूप ले सकती है। जलाशयों और झीलों का स्तर लगातार घट रहा है, जिससे ग्रामीण और शहरी दोनों क्षेत्रों में संकट की स्थिति बन सकती है।
बोम्मई ने राज्य सरकार से तत्काल सभी जिला कलेक्टरों की बैठक बुलाने और जमीनी स्थिति की विस्तृत रिपोर्ट लेने की मांग की। उन्होंने कहा कि सरकार को बिना देरी किए सूखा राहत उपाय लागू करने चाहिए ताकि किसानों और आम जनता को राहत मिल सके।
उन्होंने यह भी कहा कि राज्य के पास आपदा राहत कोष में पर्याप्त धन उपलब्ध है और यदि इसका सही उपयोग किया जाए तो केंद्र सरकार से अतिरिक्त सहायता भी प्राप्त की जा सकती है।
पूर्व मुख्यमंत्री ने राज्य में कृषि मंत्री की अनुपस्थिति पर भी सवाल उठाए। उन्होंने कहा कि बारिश की कमी के कारण स्थिति गंभीर होती जा रही है, लेकिन कृषि विभाग में स्पष्ट नेतृत्व की कमी दिख रही है। उन्होंने टिप्पणी की कि दो या तीन जिलों के लिए एक मंत्री नियुक्त करने से किसानों की समस्याओं का समाधान नहीं होगा।
कुल मिलाकर, राज्य में मानसून की विफलता ने कृषि और जल संकट की चिंता बढ़ा दी है, जिससे आने वाले दिनों में हालात और बिगड़ने की आशंका जताई जा रही है।