Jammu District Court में नए गवाह बयान केंद्र का किया गया विधिवत शुभारंभ
Jammu.जम्मू: जम्मू जिला न्यायालय में आज मुख्य न्यायाधीश ने कमजोर गवाह बयान केंद्र (Vulnerable Witness Statement Center) का उद्घाटन किया। इस नए केंद्र का उद्देश्य गवाहों की सुरक्षा सुनिश्चित करना और उनके बयान लेने की प्रक्रिया को अधिक सहज, सुरक्षित और प्रभावी बनाना है।
समारोह में जिला न्यायाधीश, वरिष्ठ न्यायिक अधिकारी, पुलिस अधिकारी और न्यायिक कर्मचारियों के साथ-साथ स्थानीय समाजसेवी और मीडिया प्रतिनिधि भी उपस्थित थे। मुख्य न्यायाधीश ने उद्घाटन समारोह में कहा कि न्यायिक प्रक्रिया में गवाहों की सुरक्षा और उनका मानसिक समर्थन सर्वोपरि है। उन्होंने कहा कि यह केंद्र न्यायालय की कार्यक्षमता को बढ़ाने और कमजोर गवाहों के डर और असहजता को कम करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगा।
केंद्र में उच्च तकनीक सुविधा और विशेष कमरे बनाए गए हैं, जहां गवाह अपने बयान प्राइवेट तरीके से और बिना किसी डर के दर्ज करा सकेंगे। इसमें वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग सुविधा, मानसिक स्वास्थ्य सहायता और कानूनी सहायता भी उपलब्ध कराई गई है। इसके माध्यम से बच्चों, महिला गवाहों, पीड़ित और संवेदनशील मामलों में शामिल लोगों के लिए न्याय प्रक्रिया आसान और सुरक्षित होगी।
मुख्य न्यायाधीश ने कहा कि कमजोर गवाह बयान केंद्र का उद्देश्य केवल सुरक्षा प्रदान करना नहीं, बल्कि गवाहों को न्याय प्रक्रिया में भाग लेने के लिए आत्मविश्वास देना है। उन्होंने जोर देकर कहा कि गवाहों का भय या असहजता मामलों की सुनवाई में बाधा बन सकती है, और इस नए केंद्र से यह समस्या काफी हद तक कम होगी।
जिला न्यायाधीश ने बताया कि केंद्र में विशेष प्रशिक्षित स्टाफ और सोशल वर्कर्स तैनात किए गए हैं, जो गवाहों को उनके अधिकारों और प्रक्रिया की पूरी जानकारी देंगे। इसके अलावा, गवाहों को सहज वातावरण और गोपनीयता की पूर्ण गारंटी दी जाएगी।
समाचार के अनुसार, इस पहल से न्यायालय में संवेदनशील मामलों की सुनवाई में सुधार और साक्ष्य की विश्वसनीयता बढ़ाने में मदद मिलेगी। विशेषज्ञों का मानना है कि यह केंद्र गवाह संरक्षण और न्याय की प्रक्रिया को अधिक पारदर्शी और प्रभावी बनाने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम है।
उद्घाटन के बाद, मुख्य न्यायाधीश ने कहा कि जम्मू जिला न्यायालय अन्य जिलों के लिए भी एक मॉडल तैयार करेगा, ताकि पूरे राज्य में गवाहों की सुरक्षा और न्याय प्रक्रिया की गुणवत्ता में सुधार हो सके। उन्होंने यह भी कहा कि सरकार और न्यायिक संस्थान मिलकर गवाह केंद्रों को समय-समय पर अपडेट और सुदृढ़ करेंगे, जिससे न्याय प्रक्रिया हर नागरिक के लिए सुरक्षित और भरोसेमंद बनी रहे।