Ramban रामबन, मुख्यमंत्री उमर अब्दुल्ला ने शनिवार को कहा कि रामबन उनके दिमाग से बाहर नहीं है और वे वहां की स्थिति से पूरी तरह वाकिफ हैं, क्योंकि पूरा प्रशासन सामान्य स्थिति बहाल करने के लिए लगातार और सावधानीपूर्वक काम कर रहा है। मुख्यमंत्री रामबन जिले के बाढ़ और भूस्खलन प्रभावित क्षेत्रों का एक सप्ताह के भीतर तीसरा दौरा समाप्त करने के बाद मीडिया के सवालों का जवाब दे रहे थे। उन्होंने कहा, "आज हम यहां कोई बड़ा कदम उठाने या घोषणा करने नहीं आए हैं। मेरे दौरे का मुख्य उद्देश्य रामबन के लोगों को यह भरोसा दिलाना था कि हाल ही में पहलगाम में बहुत बड़ी त्रासदी हुई, इसके बावजूद हम उन्हें (लोगों को) नहीं भूले हैं। उन्हें (रामबन के लोगों को) यह नहीं सोचना चाहिए कि सरकार ने उन्हें भूला दिया है और सरकार का ध्यान केवल पहलगाम पर है।" मुख्यमंत्री उमर ने कहा, "इसलिए जैसे ही श्रीनगर में मेरा कार्यभार थोड़ा कम हुआ, मैं तुरंत रामबन पहुंच गया।" उन्होंने कहा कि यहां मैंने अपने (पार्टी) साथियों से मुलाकात की,
प्रशासन के अधिकारियों के साथ स्थिति की समीक्षा की तथा राहत एवं पुनर्वास कार्यों की प्रगति का आकलन किया। एक अन्य प्रश्न के उत्तर में उन्होंने कहा कि राष्ट्रीय राजमार्ग को एकतरफा यातायात के लिए बहाल कर दिया गया है। मुख्यमंत्री ने कहा कि चूंकि हम राष्ट्रीय राजमार्ग के जीर्णोद्धार कार्य में तेजी लाना चाहते हैं, इसलिए कल मरम्मत के लिए एक दिन के लिए यातायात रोका जाएगा। पुनर्वास कार्यों के बारे में पूछे गए प्रश्नों के उत्तर में उन्होंने कहा कि जिन प्रभावित लोगों के घर तबाह हो गए हैं, उन्हें सुरक्षित स्थान पर पांच मरला जमीन आवंटित की जाएगी। इस संबंध में जिला प्रशासन को निर्देश जारी किए गए हैं। सबसे अधिक प्रभावित लोगों के लिए मुफ्त राशन की मांग के संबंध में उपायुक्त को प्रस्ताव प्रस्तुत करने के लिए कहा गया है। हम उसे स्वीकार करेंगे। उन्हें तीन महीने तक मुफ्त राशन उपलब्ध कराया जाएगा। इसी प्रकार, राज्य आपदा प्रतिक्रिया कोष (एसडीआरएफ) के तहत उपलब्ध सहायता के अलावा, दुकानों और अन्य व्यावसायिक संरचनाओं को हुए नुकसान और व्यावसायिक नुकसान की भरपाई के लिए प्रस्ताव तैयार किया जाएगा। उन्होंने आश्वासन दिया कि हम यहां सामान्य स्थिति बहाल करने के लिए चरणबद्ध तरीके से काम कर रहे हैं।