Himachal Pradesh.हिमाचल प्रदेश: देहरा पुलिस ने स्थानीय स्कूल और क्लासरूम में छात्रों और युवाओं के लिए कानूनी और डिजिटल जागरूकता कार्यक्रम आयोजित कर एक नई पहल की है। इस पहल का उद्देश्य नागरिकों, विशेषकर बच्चों और किशोरों को अपने अधिकारों, कर्तव्यों और डिजिटल दुनिया में सुरक्षित रहने के तरीकों के बारे में जागरूक करना है।
कार्यक्रम के दौरान पुलिस अधिकारियों ने छात्रों को साइबर अपराध, ऑनलाइन धोखाधड़ी, सोशल मीडिया का सुरक्षित उपयोग और डेटा सुरक्षा के बारे में विस्तृत जानकारी दी। छात्रों को बताया गया कि किस प्रकार वे इंटरनेट और डिजिटल प्लेटफॉर्म का सुरक्षित और जिम्मेदार तरीके से उपयोग कर सकते हैं।
साथ ही, कानूनी जागरूकता के तहत बच्चों और युवाओं को उनके अधिकारों, घरेलू हिंसा, बच्चों के खिलाफ अपराध, महिला सुरक्षा और अन्य सामाजिक क़ानूनी प्रावधानों के बारे में जानकारी दी गई। अधिकारियों ने बताया कि छोटे स्तर पर कानूनी ज्ञान देने से लोगों में सुरक्षा और कानून का सम्मान बढ़ता है और अपराध की संभावना कम होती है।
देहरा पुलिस के अधिकारियों ने इस अवसर पर कहा कि डिजिटल और कानूनी शिक्षा केवल कानून की पढ़ाई तक सीमित नहीं है, बल्कि यह युवाओं को जिम्मेदार नागरिक बनाने का एक महत्वपूर्ण हिस्सा है। उन्होंने छात्रों को केस स्टडीज़ और रियल लाइफ उदाहरणों के माध्यम से समझाया कि कैसे छोटे-छोटे कदम उन्हें ऑनलाइन और ऑफलाइन दोनों जगह सुरक्षित रख सकते हैं।
स्थानीय शिक्षक और अभिभावक भी इस पहल की सराहना कर रहे हैं। उन्होंने कहा कि आज के समय में डिजिटल तकनीक और इंटरनेट का प्रभाव बढ़ रहा है, और छात्रों को इसके लाभ और जोखिम दोनों के बारे में समझाना आवश्यक है। इस कार्यक्रम ने बच्चों में आत्मविश्वास बढ़ाया और उन्हें अपनी सुरक्षा के लिए जागरूक किया।
विशेषज्ञों का मानना है कि ऐसे कार्यक्रम समाज में कानून और डिजिटल साक्षरता के प्रति सकारात्मक सोच पैदा करते हैं। यह पहल बच्चों और युवाओं में जिम्मेदारी, सतर्कता और सुरक्षित तकनीक उपयोग की आदत डालती है।
इस कार्यक्रम के माध्यम से पुलिस और शिक्षा विभाग के बीच सहयोग भी मजबूत हुआ है। अधिकारियों ने कहा कि भविष्य में ऐसे कार्यक्रम अन्य स्कूलों और सामुदायिक केंद्रों में भी आयोजित किए जाएंगे, ताकि अधिक से अधिक लोग लाभान्वित हो सकें।