Himachal Pradesh: नंबर प्लेट बदलकर चल रहा था ओवरलोडिंग सिंडिकेट! फिर हुआ बड़ा खुलासा
Himachal Pradesh: जिला सिरमौर में इन दिनों एक तरह से वाहनों की नम्बर प्लेट्स बदलकर और आए दिन नए-नए पैंतरे अपनाकर ओवरलोडिंग का सिंडीकेट सक्रिय दिखाई दे रहा है, ताकि डम्परों, टिप्परों में क्षमता से अधिक खनन सामग्री ढोकर मोटी चांदी कूटी जा सके। आरटीओ सोना चंदेल ने एक बार फिर मंगलवार को ऐसे ही एक और मामले का खुलासा किया है। इसमें 2 वाहनों की नम्बर प्लेट्स एक दूसरे से बदली गई थीं। यहां तक कि एक संचालक ने अपने टिप्पर से उसकी बॉडी को भी उतार रखा था। आरटीओ और उनकी टीम को देख दोनों वाहन चालक वाहन छोड़ जंगल में फरार हो गए। इन दोनों वाहन संचालकों पर करीब 3 लाख रुपए का जुर्माना किया है।
जानकारी के अनुसार आरटीओ के नेतृत्व में क्षेत्रीय परिवहन विभाग की टीम रूटीन चैकिंग के लिए नैशनल हाईवे-07 पर मौजूद थी। इसी बीच जुड्डा का जोहड़ में टीम की नजर 2 टिप्परों पर पड़ी। ये दोनों टिप्पर हरियाणा नम्बर के थे, जो नाहन की तरफ आ रहे थे। मौके पर पाया गया कि बिना बॉडी का एक टिप्पर एक अन्य टिप्पर को टोचेन कर ले जा रहा था। टीम को देखकर दोनों वाहनों के चालक मौके से फरार हो गए। टीम ने जब संबंधित वाहनों के चैसी नम्बरों से उनके सही नम्बरों की जांच की, तो सामने आया कि दोनों ने अपने वाहन नम्बरों की प्लेट्स को एक दूसरे से बदल रखा था। यानी कैबिन चैसी का नम्बर बजरी से लदे टिप्पर में लगाया गया था और टिप्पर का नम्बर कैबिन चैसी में लगा था।
इतना ही नहीं जांच करने पर कैबिन चैसी से पिछले 5-7 दिनों की धर्म कांटे पर माल ढुलाई से संबंधित पर्चियां भी बरामद कीं, जिसमें पाया गया कि इस कैबिन चैसी ने भी पिछले 5 दिनों में क्षमता से अधिक खनन सामग्री को ढोया है। इससे पता चला कि जानबूझकर इसकी बॉडी को हटाया गया था। इस पर टीम ने कैबिन चैसी वाहन के चैसी नम्बर से संबंधित वाहन का सही नम्बर पता लगाकर इसके संचालक पर पिछले 5 दिनों में की गई ओवरलोडिंग पर 2.12 लाख रुपए का जुर्माना लगाया। उक्त टिप्पर में इन 5 दिनों में कुल 42 टन क्षमता से अधिक खनन सामग्री को ढोया गया था।
उपरोक्त कार्रवाई कर विभाग की टीम चोरी छिपे मौके पर संबंधित दोनों चालकों पर नजर बनाए हुए थी। इसी बीच कुछ समय बाद बजरी से लदे टिप्पर का चालक जंगल में फरार हुआ चालक मौके पर पहुंचा और अपने टिप्पर को कालाअम्ब की तरफ दौड़ा ले गया। टीम ने तुरंत इसकी सूचना कालाअम्ब में विभागीय टीम को दी, जिसके बाद मौके पर उसे दबोच लिया गया। धर्म कांटे पर वजन करने पर इस टिप्पर में भी 10 टन बजरी अधिक निकली। लिहाजा संबंधित टिप्पर संचालक का चालान कर मौके पर ही 89,000 रुपए की जुर्माना राशि वसूल की गई। इससे यह बात भी साबित हो गई कि इस टिप्पर में भी कोई ऐसी तकनीकी खराब नहीं थी, जिसे कैबिन चैसी टिप्पर टोचन कर ले जा रहा था। मतलब साफ है कि यह सारा खेल ओवरलोडिंग को लेकर खेला जा रहा था।