हरियाणा Haryana : शुक्रवार को चौधरी चरण सिंह हरियाणा कृषि विश्वविद्यालय (एचएयू), हिसार में राष्ट्रीय विज्ञान दिवस के अवसर पर “आत्मनिर्भर एवं सतत विकसित भारत-2047 के लिए विज्ञान का उपयोग” विषय पर कार्यक्रम आयोजित किया गया। कार्यक्रम में कुलपति बीआर कंबोज मुख्य अतिथि थे, जबकि गुरु जम्भेश्वर विज्ञान एवं प्रौद्योगिकी विश्वविद्यालय के पूर्व प्रोफेसर, डीन (शैक्षणिक मामले) एवं नोडल अधिकारी (राष्ट्रीय शिक्षा नीति-2020) डॉ. देवेन्द्र कुमार मुख्य वक्ता थे।
यह कार्यक्रम एचएयू विज्ञान मंच, इंस्टीट्यूशन इनोवेशन काउंसिल (आईआईसी) एवं विज्ञान भारती, हिसार द्वारा संयुक्त रूप से आयोजित किया गया। कुलपति ने अपने संबोधन में कहा कि भारत को विकसित राष्ट्र बनाने में विज्ञान एवं प्रौद्योगिकी की महत्वपूर्ण भूमिका होगी। उन्होंने कहा कि आत्मनिर्भरता और सतत विकास सुनिश्चित करने के लिए विज्ञान और नवाचार का सही दिशा में उपयोग करना महत्वपूर्ण है। उन्होंने कहा कि इसके लिए शोधकर्ताओं और वैज्ञानिकों को एक-दूसरे के साथ समन्वय में काम करना होगा। उन्होंने कहा कि छात्रों में विज्ञान के प्रति जिज्ञासा और उत्साह जगाने में शिक्षकों की महत्वपूर्ण भूमिका होती है।