राम रहीम को नकली साबित करने के लिए सुप्रीम कोर्ट जाएंगे डेरा प्रेमी, हाईकोर्ट ने खारिज की थी याचिका
बड़ी खबर
चंडीगढ़। बाबा राम रहीम नकली है यह दावा करने वाले अशोक कुमार ने पंजाब एंड हरियाणा हाईकोर्ट से याचिका खारिज होने के बाद कहा कि 25 अगस्त 2017 को सुनारिया जेल में बंद किए गए हमारे गुरूजी को बदल दिया गया है। उन्होंने दावा किया कि पैरोल से बाहर निकले राम रहीम नकली हैं। अशोक कुमार ने कहा कि बागपत आश्रम में पैरोल पर रह रहे राम रहीम को नकली साबित करने के लिए वे अब देश की सर्वोच्च अदालत का दरवाजा खटखएंगे।
याचिकाकर्ता ने कहा कि बाबा को मिलने वाली संगत ने भी उनमें बदलाव देखा है
उन्होंने बताया कि मेै एक अकेला नहीं हूं जो राम रहीम के नकली होने की बात कह रहा हूं, बल्कि बागपत के डेरे में आई संगत ने भी ऐसा ही महसूस किया है। इस बारे में वहां झगड़ा भी हुआ, लेकिन डेरा मैनेजमेंट ने उन सब को उठाकर बाहर निकाल दिया। उन्होंने कहा कि बाबा के हाथ का साइज बढ़ चुका है, उनका कद भी बढ़ा हुआ है। अशोक कुमार ने बताया कि वह ही नहीं बल्कि उनका पूरा परिवार लंबे समय से डेरे से जुड़ा हुआ है। उनके जैसे बहुत सारे बुजुर्ग हैं जिन्होंने महसूस किया है कि बाबा राम रहीम नकली है। उन सब ने याचिका दर्ज कराई थी जिसे आज हाईकोर्ट ने खारिज कर दिया। हाईकोर्ट ने कहा इस तरह की आवेदनों को हम कभी नहीं सुनेंगे।
राम रहीम का आधार कार्ड अपडेट होने पर भी है संदेह
अशोक कुमार ने कहा कि जब हाईकोर्ट से याचिका रद्द करने का ऑर्डर मिलेगा तो उसमें डिस्मिस करने का जो कारण होगा उसे लेकर सुप्रीम कोर्ट जरूर जाएंगे। डेरे की 6 करोड़ संगत है सिर्फ हम 20 लोग ही नहीं है जो यह बात महसूस कर रहे है। कई बातें हैं जो संदेह पैदा करती हैं। जैसे अभी-अभी बाबा राम रहीम का आधार कार्ड अपडेट हुआ है और जिस महिला ने अपडेट कराया है, उसके खिलाफ पहले से केस चल रहा है। वहीं डेरा सच्चा सौदा में नकली गांव बसाया जाना, नकली वोटर लिस्ट बनाई गई है। उसका केस अभी तक चल रहा है। उस महिला का वीवीआईपी के साथ आधार लिंक होना कहीं ना कहीं किसी बड़ी साजिश की ओर इशारा करती है।