Raigarh. रायगढ़। त्योहार के बीच शहर में कानून-व्यवस्था बनाए रखने के लिए रायगढ़ पुलिस ने बदमाशों के खिलाफ सख्त रुख अपनाया है। पुरानी रंजिश को लेकर युवक से मारपीट और जान से मारने की कोशिश के मामले में कोतवाली पुलिस ने छह आरोपियों को गिरफ्तार किया है। पुलिस ने आरोपियों के कब्जे से चाकू, लोहे का पंच, पत्थर का टुकड़ा और साइकिल की चेन बरामद की है। सभी आरोपियों को न्यायिक रिमांड पर जेल भेज दिया गया है। पुलिस के अनुसार, एसएसपी शशि मोहन सिंह के निर्देशन में त्योहारों को देखते हुए शहर में सुरक्षा व्यवस्था कड़ी की गई है। इसी क्रम में 1 सितंबर को नगर पुलिस अधीक्षक मयंक मिश्रा और राहुल उईके ने शहर के बदमाशों को थाना चक्रधरनगर परिसर में बुलाकर अपराध और विवाद से दूर रहने की सख्त समझाइश दी थी। इसके अगले ही दिन कोतवाली क्षेत्र में हिंसक घटना सामने आने पर पुलिस ने तत्काल कार्रवाई करते हुए आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया।
बापूनगर में युवक को घेरकर हमला
मामला 30 अगस्त की रात का है। बापूनगर रायगढ़ निवासी सुषमा दीप ने थाना कोतवाली में शिकायत दर्ज कराई थी। उन्होंने बताया कि रात करीब 1:30 बजे उनका बेटा पालेश्वर दीप गुटखा खाने के लिए घर से बाहर निकला था। हनुमान मंदिर के आगे बापूनगर क्षेत्र में पुरानी रंजिश को लेकर कृष्णा डोगरे और उसके साथियों ने उसे रास्ते में घेर लिया। आरोप है कि आरोपियों ने पालेश्वर के साथ गाली-गलौज करते हुए लाठी, डंडे और चाकू से मारपीट की। हमले में पालेश्वर के सिर, माथे, पेट और दाहिने हाथ समेत शरीर के कई हिस्सों में चोटें आईं। गंभीर रूप से घायल पालेश्वर को उपचार के लिए जिला अस्पताल रायगढ़ में भर्ती कराया गया। घटना के बाद थाना कोतवाली में अपराध क्रमांक 477/2026 के तहत बीएनएस की धाराओं 296, 351(3) और 115(2) में मामला दर्ज कर जांच शुरू की गई।
फरार आरोपियों पर पुलिस की दबिश
घटना के बाद सभी आरोपी फरार हो गए थे। मामले की गंभीरता को देखते हुए थाना प्रभारी कोतवाली निरीक्षक अमित तिवारी ने पुलिस टीम को आरोपियों की तलाश में लगाया। पुलिस ने संभावित ठिकानों पर लगातार दबिश देकर एक-एक कर छह आरोपियों को हिरासत में लिया। जांच के दौरान घायल युवक की मेडिकल रिपोर्ट और गवाहों के बयानों से पुलिस के सामने हमले की गंभीरता स्पष्ट हुई। पुलिस के अनुसार, घटना केवल मारपीट तक सीमित नहीं थी, बल्कि युवक पर जान से मारने की नीयत से हमला किया गया था। इसके बाद मामले में हत्या के प्रयास और बलवा से संबंधित धाराएं 109(1), 190, 191(2) और 191(3) बीएनएस जोड़ी गईं।
आरोपियों से हथियार बरामद
पूछताछ के दौरान आरोपियों ने घटना में अलग-अलग हथियारों का इस्तेमाल करने की जानकारी दी। आरोपियों के मेमोरेंडम के आधार पर पुलिस ने सेवक साण्डे से स्टील का चाकू, देवेन्द्र कन्द्र से लोहे का पंच, सोहन साण्डे से पत्थर का टुकड़ा और अलिस साण्डे से पुरानी साइकिल की चेन बरामद की। गिरफ्तार आरोपियों में कृणामुखी उर्फ गिदुमुखी (19), सेवक साण्डे (23), देवेन्द्र कन्द्र (24), सोहन साण्डे (20), सादिन महानंद (20) और अलिस साण्डे (21) शामिल हैं। सभी आरोपी बापूनगर रायगढ़ के निवासी बताए गए हैं। पुलिस ने सभी आरोपियों को 1 सितंबर की शाम से देर रात तक गिरफ्तार किया। इसके बाद उन्हें न्यायालय में पेश किया गया, जहां से सभी को न्यायिक रिमांड पर भेज दिया गया।
त्योहार में शांति भंग करने वालों पर सख्ती
रायगढ़ पुलिस ने स्पष्ट किया है कि त्योहार के दौरान शहर की शांति और कानून-व्यवस्था से खिलवाड़ करने वालों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी। पुलिस का कहना है कि बदमाशों को पहले अपराध से दूर रहने की समझाइश दी जा रही है, लेकिन इसके बाद भी हिंसा या विवाद करने वालों के खिलाफ सीधे कानूनी कार्रवाई की जाएगी। पूरी कार्रवाई एडिशनल एसपी अनिल सोनी के मार्गदर्शन और सीएसपी राहुल उईके के सुपरविजन में की गई। थाना प्रभारी निरीक्षक अमित तिवारी, एएसआई कोसो सिंह जगत, आरक्षक उत्तम सारथी, प्रताप बेहरा और कीर्ति राजपूत की कार्रवाई में महत्वपूर्ण भूमिका रही।