पत्नी ने पति को जहर देकर हत्या की, बच्चों के बयान से खुला पूरा सच, महिला गिरफ्तार
छग
Korba. कोरबा। छत्तीसगढ़ के कोरबा जिले में एक महिला ने अपने पति को जहर देकर हत्या कर दी, जिससे पूरे इलाके में सनसनी फैल गई। हत्या की वारदात के बाद महिला ने इसे आत्महत्या का रूप देने की कोशिश की, लेकिन उसके ही बच्चों के बयान ने पूरी साजिश को बेनकाब कर दिया। यह मामला दर्री थाना क्षेत्र के लाटा बस्ती का है। पुलिस सूत्रों के अनुसार, महिला ने पति को जहर देने के बाद उसे इलाज के बहाने अस्पताल ले जाने का प्रयास किया। शुरुआती जांच में मामला आत्महत्या का प्रतीत हुआ। परंतु, महिला के बच्चों ने पुलिस को बताया कि उन्होंने अपनी मां को पिता को जहर देते हुए देखा है। बच्चों के इस अहम बयान के आधार पर पुलिस ने तुरंत कार्रवाई करते हुए आरोपी महिला को अस्पताल से ही गिरफ्तार कर लिया।
पुलिस पूछताछ में आरोपी महिला ने अपने अपराध की पुष्टि की और कहा कि उसके किसी अन्य युवक के साथ संबंध थे। इसी प्रेम प्रसंग के कारण उसने अपने पति की हत्या की योजना बनाई और जहर देकर उसे मार डाला। पुलिस अब आरोपी महिला के प्रेमी की तलाश में लगी हुई है। इसके लिए रायगढ़ से विशेष टीम रवाना की गई है, और उसकी जल्द गिरफ्तारी की संभावना जताई जा रही है। इस मामले ने इलाके में डर और हड़कंप मचा दिया। स्थानीय लोग इस वारदात से सकते में हैं और बच्चों के साहसिक बयान की तारीफ कर रहे हैं, जिससे हत्या का रहस्य उजागर हो पाया। पुलिस ने हत्या के मामले में धारा 302 भारतीय दंड संहिता (हत्या), 498 और अन्य संबंधित धाराओं के तहत मामला दर्ज कर लिया है।
पुलिस अधिकारियों का कहना है कि बच्चों के बयान, अस्पताल के साक्ष्य और अन्य तकनीकी जांच के आधार पर पूरे घटनाक्रम की जांच की जा रही है। घटना स्थल और आरोपी के घर की तलाशी ली गई है। इसके अलावा, जहर के स्रोत और इसे प्राप्त करने के तरीके की भी जांच जारी है। जिला पुलिस ने मामले में सार्वजनिक रूप से अपील की है कि समाज के लोग अपने बच्चों को अपराध के प्रति सतर्क करें और किसी भी संदिग्ध गतिविधि की तुरंत सूचना थाने को दें। पुलिस ने यह भी कहा कि जांच पूरी होने पर सभी दोषियों के खिलाफ सख्त और कानूनी कार्रवाई की जाएगी। इस वारदात ने एक बार फिर पारिवारिक विवाद, अवैध संबंध और घरेलू हिंसा के खतरों की ओर ध्यान खींचा है। पुलिस अधिकारी यह भी बता रहे हैं कि बच्चों की सुरक्षा और मनोवैज्ञानिक सहारा देने के लिए संबंधित विभागों को सूचित किया गया है।