Raigarh. रायगढ़। छत्तीसगढ़ के रायगढ़ जिले में जंगली सुअर के हमले में एक ग्रामीण गंभीर रूप से घायल हो गया। यह घटना तमनार रेंज के कसडोल सर्किल के ग्राम गोढ़ी में हुई। घायल ग्रामीण अपने मवेशियों को चराने के लिए जंगल की ओर गया था, तभी झाड़ियों से अचानक बाहर निकलकर जंगली सुअर ने उस पर हमला कर दिया। जानकारी के अनुसार, गोढ़ी निवासी भुवनेश्वर पटनायक (60) सोमवार दोपहर अपने मवेशियों को जंगल की ओर चराने ले गए थे। इसी दौरान खेतों के पास झाड़ियों में छिपे जंगली सुअर ने अचानक हमला कर दिया। हमले में पटनायक गंभीर रूप से घायल हो गए और चीख-पुकार करने लगे।
ग्रामीणों की त्वरित प्रतिक्रिया से घटना का पता चला। पास के ग्रामीण मौके पर पहुंचे और घायल की मदद के लिए वन विभाग को सूचना दी। सूचना मिलते ही वन अमला घटनास्थल पर पहुंचा और घायल को तत्काल इलाज के लिए अस्पताल ले जाया गया। डॉक्टरों ने उनके हाथ में गंभीर चोट की पुष्टि की। तमनार रेंजर विक्रांत कुमार ने बताया कि घायल को तुरंत अस्पताल पहुंचाया गया और प्राथमिक उपचार किया गया। उन्होंने कहा कि अब उनकी स्थिति में सुधार है और विभाग की ओर से उन्हें प्रारंभिक सहायता राशि भी प्रदान की गई है।
इस घटना के बाद ग्रामीणों में सुरक्षा को लेकर चिंता बढ़ गई है। ग्रामीणों का कहना है कि क्षेत्र में जंगली जानवरों की गतिविधियाँ लगातार बढ़ रही हैं, जिससे किसानों और ग्रामीणों की सुरक्षा पर खतरा मंडरा रहा है। कई ग्रामीणों ने कहा कि मवेशी चराने के दौरान ऐसे हमले आम होते जा रहे हैं और इसके लिए प्रशासन को ठोस कदम उठाने की आवश्यकता है। वन विभाग ने भी ग्रामीणों को सतर्क रहने की सलाह दी है। रेंजर विक्रांत कुमार ने बताया कि वन्य जीवों के आवास क्षेत्र में प्रवेश करते समय सतर्कता बरतना आवश्यक है और मवेशियों के चराने जाने के दौरान सुरक्षा उपाय अपनाने चाहिए। उन्होंने कहा कि वन्य जीव हमलों की घटना को गंभीरता से लिया जा रहा है और भविष्य में ऐसी घटनाओं को रोकने के लिए निगरानी बढ़ाई जाएगी।
विशेषज्ञों का कहना है कि जंगली जानवरों की संख्या बढ़ने और उनके आवास क्षेत्र में मानव गतिविधियों के कारण ऐसे हमले बढ़ सकते हैं। ग्रामीणों को सलाह दी जा रही है कि जंगल में अकेले न जाएँ और मवेशियों को चराने के लिए समूह में जाएँ। यह घटना ग्रामीण सुरक्षा और वन्य जीवन के बीच संतुलन बनाए रखने की चुनौती को उजागर करती है। प्रशासन और वन विभाग द्वारा त्वरित प्रतिक्रिया ने बड़ी दुर्घटना टलने में मदद की, लेकिन ग्रामीणों का कहना है कि क्षेत्र में सुरक्षा के लिए और सख्त कदम उठाए जाने चाहिए। छत्तीसगढ़ के रायगढ़ जिले में वन्य हमलों की बढ़ती घटनाओं ने ग्रामीणों में सतर्कता और प्रशासन से तत्काल कार्रवाई की मांग बढ़ा दी है।