Raipur. रायपुर। राजधानी रायपुर में रविवार 23 अगस्त 2026 को कांवड़ यात्रा का आयोजन किया जाएगा। बड़ी संख्या में श्रद्धालुओं के शामिल होने की संभावना को देखते हुए यातायात पुलिस ने शहर की यातायात व्यवस्था को लेकर आम नागरिकों और वाहन चालकों से अपील जारी की है। यातायात पुलिस के अनुसार कांवड़ यात्रा मारुति मंगलम भवन, गुढ़ियारी से शुरू होकर महादेव घाट रायपुरा तक निकाली जाएगी। यात्रा के दौरान श्रद्धालुओं की संख्या अधिक रहने की संभावना है, जिसके चलते यात्रा मार्ग और आसपास के इलाकों में यातायात का दबाव बढ़ सकता है।
यात्रा का निर्धारित मार्ग मारुति मंगलम भवन गुढ़ियारी से शुरू होकर पड़ाव, तेलघानी नाका, अग्रसेन चौक, आमापारा चौक, लाखेनगर, सुंदर नगर, रायपुरा चौक होते हुए महादेव घाट तक रहेगा। यातायात पुलिस ने बताया कि कांवड़ यात्रा के दौरान इस मार्ग पर श्रद्धालुओं की आवाजाही अधिक रहेगी। ऐसे में वाहन चालकों को असुविधा से बचाने और यातायात व्यवस्था को सुचारू बनाए रखने के लिए विशेष व्यवस्था की जा रही है। पुलिस ने आम नागरिकों से अपील की है कि कांवड़ यात्रा के दौरान अनावश्यक रूप से निर्धारित मार्ग का उपयोग करने से बचें। यदि किसी व्यक्ति को जरूरी काम नहीं है तो वह इस मार्ग पर आवागमन न करें, ताकि श्रद्धालुओं की यात्रा सुरक्षित और व्यवस्थित तरीके से पूरी हो सके।
यातायात पुलिस ने वाहन चालकों से कहा है कि वे अपने गंतव्य तक पहुंचने के लिए वैकल्पिक मार्गों का उपयोग करें। इससे न केवल यातायात का दबाव कम होगा, बल्कि आम लोगों को भी जाम जैसी स्थिति का सामना नहीं करना पड़ेगा। पुलिस ने बताया कि कांवड़ यात्रा के दौरान सुरक्षा और यातायात नियंत्रण के लिए पर्याप्त पुलिस बल तैनात किया जाएगा। यात्रा मार्ग पर यातायात कर्मियों की ड्यूटी लगाई जाएगी और जरूरत के अनुसार यातायात को नियंत्रित किया जाएगा।
श्रद्धालुओं की सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए पुलिस प्रशासन ने सभी आवश्यक तैयारियां पूरी कर ली हैं। यात्रा के दौरान किसी भी प्रकार की परेशानी या अव्यवस्था से बचने के लिए पुलिस और प्रशासन लगातार निगरानी रखेगा। यातायात पुलिस रायपुर ने नागरिकों से सहयोग की अपील करते हुए कहा है कि यातायात नियमों का पालन करें और पुलिस द्वारा जारी निर्देशों का पालन करें। इससे कांवड़ यात्रा भी शांतिपूर्ण तरीके से संपन्न होगी और शहर की यातायात व्यवस्था भी बेहतर बनी रहेगी। पुलिस अधिकारियों ने कहा कि धार्मिक आयोजनों के दौरान आम लोगों का सहयोग बेहद जरूरी होता है। सभी नागरिकों के सहयोग से ही श्रद्धालुओं और आम वाहन चालकों दोनों के लिए बेहतर व्यवस्था सुनिश्चित की जा सकती है।