Gaurela-Pendra-Marwahi. गौरेला-पेंड्रा-मरवाही। छत्तीसगढ़ के गौरेला-पेंड्रा-मरवाही जिले में लगातार हो रही बारिश के बीच सोन नदी उफान पर है। इस दौरान चिच-गोहना गांव में स्थित सोन नदी के पुल से कुछ बच्चों और युवाओं के तेज बहाव वाली नदी में छलांग लगाने का वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हो गया। वीडियो में बच्चे और युवा पुल से नदी में कूदते और स्टंट करते नजर आ रहे हैं। मामला सामने आने के बाद पुलिस प्रशासन ने गंभीरता दिखाते हुए संबंधित बच्चों और उनके अभिभावकों को बुलाकर समझाइश दी। बारिश के कारण इन दिनों जिले की कई नदियों और नालों में जलस्तर बढ़ा हुआ है। सोन नदी में भी तेज बहाव है। ऐसे में पुल से नदी में छलांग लगाना बेहद खतरनाक हो सकता है। बावजूद इसके वायरल वीडियो में कुछ बच्चे और युवा मनोरंजन तथा वीडियो बनाने के लिए उफनती नदी में कूदते दिखाई दे रहे हैं। वीडियो सोशल मीडिया पर सामने आने के बाद पुलिस अधिकारियों ने मामले का संज्ञान लिया।
IG ने दिए कार्रवाई के निर्देश
वायरल वीडियो का संज्ञान बिलासपुर रेंज के पुलिस महानिरीक्षक रामगोपाल गर्ग ने लिया। उन्होंने मामले को गंभीर मानते हुए जिला पुलिस अधीक्षक मनोज कुमार खिलारी को संबंधित बच्चों और उनके परिजनों को बुलाकर समझाइश देने तथा आवश्यक कार्रवाई करने के निर्देश दिए। आईजी के निर्देश के बाद पुलिस ने तत्काल स्थानीय स्तर पर कार्रवाई शुरू की। सिवनी चौकी प्रभारी के नेतृत्व में पुलिस टीम चिच-गोहना गांव पहुंची। पुलिस ने गांव के सरपंच की मौजूदगी में नदी में कूदने वाले बच्चों और उनके माता-पिता को बुलाया। पुलिस अधिकारियों ने बच्चों को समझाते हुए बताया कि उफनती नदी के तेज बहाव का अंदाजा लगाना आसान नहीं होता। पानी की सतह सामान्य दिखाई देने के बावजूद नदी के भीतर तेज धारा, गहराई और भंवर जैसी स्थिति बन सकती है। ऐसे में पुल से नदी में छलांग लगाना जानलेवा साबित हो सकता है।
अभिभावकों को भी दी गई हिदायत
पुलिस ने बच्चों के माता-पिता को भी जिम्मेदारी समझाते हुए कहा कि वे अपने बच्चों की गतिविधियों पर नजर रखें। बारिश के मौसम में बच्चों को नदी, नाले, जलभराव वाले क्षेत्रों और अन्य खतरनाक स्थानों के आसपास जाने से रोकें। पुलिस ने अभिभावकों से कहा कि सोशल मीडिया पर वीडियो बनाने या रोमांच के लिए बच्चे अपनी जान जोखिम में डाल सकते हैं। ऐसे वीडियो देखकर अन्य बच्चे भी उसी तरह का खतरनाक स्टंट करने की कोशिश कर सकते हैं। इसलिए बच्चों को समय रहते समझाना जरूरी है। पुलिस ने स्थानीय सरपंच और कोटवार को भी निर्देश दिए कि वे क्षेत्र में ऐसी गतिविधियों पर नजर रखें। यदि कोई बच्चा या युवा उफनती नदी या अन्य जोखिम वाले स्थान पर स्टंट करता दिखाई दे तो तत्काल पुलिस को सूचना दी जाए।
सोशल मीडिया के लिए जान जोखिम में न डालें
पुलिस ने आम लोगों से अपील की है कि सोशल मीडिया पर वीडियो बनाने, रील तैयार करने या मनोरंजन के लिए अपनी जान को खतरे में न डालें। खासकर बारिश के मौसम में नदियों और नालों का स्वरूप तेजी से बदल जाता है। पानी का बहाव अचानक बढ़ सकता है और कुछ ही समय में स्थिति बेहद खतरनाक हो सकती है। पुलिस के अनुसार, उफनती नदियों में कई बार पानी की गहराई और बहाव का सही अनुमान नहीं लग पाता। ऐसे में किसी भी तरह की लापरवाही भारी पड़ सकती है। लोगों को नदी और पुल से पर्याप्त दूरी बनाए रखने की सलाह दी गई है।
जागरूकता के साथ सुरक्षा पर जोर
चिच-गोहना का वायरल वीडियो सामने आने के बाद पुलिस की त्वरित कार्रवाई का उद्देश्य केवल संबंधित बच्चों को समझाना ही नहीं, बल्कि पूरे क्षेत्र में नदी सुरक्षा को लेकर जागरूकता बढ़ाना भी है। पुलिस ने स्पष्ट किया है कि बारिश के दौरान खतरनाक स्थानों पर जाना या स्टंट करना किसी भी स्थिति में उचित नहीं है। जिले में लगातार बारिश को देखते हुए पुलिस और प्रशासन लोगों से सावधानी बरतने की अपील कर रहे हैं। खासतौर पर बच्चों और युवाओं से कहा गया है कि वे उफनती नदियों, नालों और पुलों के पास जाकर किसी भी प्रकार का जोखिम न लें। वायरल वीडियो के बाद पुलिस की कार्रवाई से उम्मीद है कि स्थानीय लोग ऐसी घटनाओं को लेकर अधिक सतर्क होंगे।