राज्य के 17 विभागों के अधिकारियों को अगले दो दिनों में ट्रेनिंग दी जाएगी
छग
Raipur. रायपुर। छत्तीसगढ़ वित्त विभाग ने 2026-27 के लिए राज्य बजट प्रस्तावों की एंट्री प्रक्रिया को सुचारू और पारदर्शी बनाने के उद्देश्य से विभागीय बजट अधिकारियों के लिए विशेष प्रशिक्षण कार्यक्रम शुरू किया है। इस प्रशिक्षण में सभी सचिव, विभागाध्यक्ष, बजट नियंत्रण अधिकारी और डीडीओ शामिल हैं।
वित्त विभाग के अधिकारियों ने बताया कि इस वर्ष बजट प्रस्तावों की एंट्री पूरी तरह से IFMS नेक्स्ट जेन सिस्टम के माध्यम से की जाएगी, जिससे बजट प्रक्रिया डिजिटल और अधिक पारदर्शी होगी। इससे न केवल समय की बचत होगी, बल्कि बजट अनुमोदन और नियंत्रण प्रक्रिया में भी आसानी होगी।
प्रशिक्षण कार्यक्रम आज से शुरू हो गया है और अगले दो दिनों में 17 विभागों के अधिकारियों को अलग-अलग सत्रों में प्रशिक्षण दिया जाएगा। प्रशिक्षण के दौरान अधिकारियों को IFMS नेक्स्ट जेन सिस्टम की कार्यप्रणाली, बजट एंट्री, संशोधन, रिपोर्टिंग और नियंत्रण प्रक्रिया के बारे में विस्तार से जानकारी दी जा रही है
वित्त विभाग के अधिकारियों ने बताया कि प्रशिक्षण का मुख्य उद्देश्य सभी विभागों के बजट अधिकारियों को नए डिजिटल प्लेटफॉर्म से परिचित कराना और यह सुनिश्चित करना है कि बजट एंट्री समय पर और सही तरीके से पूरी हो। इस ट्रेनिंग के माध्यम से बजट संबंधी त्रुटियों की संभावना को कम किया जा सकेगा और सभी विभाग समय पर अपने वित्तीय प्रस्ताव प्रस्तुत कर पाएंगे।
इस वर्ष बजट एंट्री प्रक्रिया में IFMS नेक्स्ट जेन सिस्टम के उपयोग से वित्तीय योजनाओं, योजनाओं की धनराशि, विभिन्न विभागों के खर्च और अनुमोदन प्रक्रियाओं का संपूर्ण डिजिटल रिकॉर्ड तैयार होगा। इससे वित्तीय पारदर्शिता बढ़ेगी और विभागीय कामकाज में तेजी आएगी।
वित्त विभाग ने सभी अधिकारियों को निर्देश दिया है कि वे प्रशिक्षण में पूरी सक्रियता से भाग लें और बजट एंट्री प्रक्रिया के हर पहलू को अच्छे से समझें। विभागाध्यक्ष और सचिवों ने भी अधिकारियों को समय पर और सही तरीके से बजट डेटा एंट्री करने के लिए मार्गदर्शन किया।
इस प्रशिक्षण कार्यक्रम से छत्तीसगढ़ सरकार की वित्तीय योजना में और अधिक सटीकता, पारदर्शिता और डिजिटल नियंत्रण सुनिश्चित होगा। सभी विभागों के बजट अधिकारियों को यह अवसर बजट प्रक्रिया को प्रभावी और सुचारू बनाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाने का मिलेगा।