गुरूर पावर सब-स्टेशन में लगी भीषण आग, मौके पर पहुंची पुलिस और विभाग की टीम
छग
Balod. बालोद। छत्तीसगढ़ के बालोद जिले में गुरुवार को एक बड़े विद्युत हादसे की स्थिति बन गई। जिले के बोहराडीह-मुजगहन गांव स्थित 220/132 केवी सब-स्टेशन गुरूर में लगे एक बड़े पावर ट्रांसफार्मर में अचानक भीषण आग लग गई। आग लगने के बाद पूरे इलाके में हड़कंप मच गया और आसमान में धुएं का बड़ा गुबार दिखाई देने लगा। घटना के बाद विद्युत विभाग के अधिकारी मौके पर सक्रिय हो गए हैं। वहीं सुरक्षा को देखते हुए आसपास के क्षेत्र में सतर्कता बढ़ा दी गई है।
160 MVA पावर ट्रांसफार्मर आया आग की चपेट में
जानकारी के अनुसार पूरा मामला गुरूर थाना क्षेत्र का है। गुरूर स्थित 220/132 केवी सब-स्टेशन के 160 MVA पावर ट्रांसफार्मर में अचानक आग लग गई। बताया जा रहा है कि ट्रांसफार्मर में आग इतनी तेज थी कि इससे पूरे पावर हाउस को खतरा उत्पन्न हो गया। घटना की जानकारी मिलते ही विद्युत विभाग की टीम सक्रिय हुई और सुरक्षा संबंधी कदम उठाए गए। घटना की सूचना गुरूर पुलिस को भी दी गई, जिसके बाद पुलिस टीम मौके के लिए रवाना हुई।
बिजली आपूर्ति व्यवस्था को किया गया नियंत्रित
प्रारंभिक जानकारी के अनुसार ट्रांसफार्मर में आग लगने के बाद 220 केवी से निकलने वाले सभी 132 केवी फीडरों के लोड को सामान्य करने की प्रक्रिया शुरू की गई। बताया जा रहा है कि इस सब-स्टेशन को कुम्हारी से सीधे बिजली सप्लाई मिलती है। विभाग द्वारा आपूर्ति व्यवस्था को नियंत्रित करने के लिए आवश्यक कदम उठाए जा रहे हैं।
पहले भी सामने आई थी तकनीकी खराबी
बताया जा रहा है कि गुरूर सब-स्टेशन में इससे पहले बीती रात नंबर-1 सीटी (CT) भी खराब हो गई थी। इसके बाद गुरुवार को 160 MVA पावर ट्रांसफार्मर में आग लगने की घटना सामने आई। फिलहाल आग लगने के कारणों का स्पष्ट पता नहीं चल पाया है। विद्युत विभाग के तकनीकी अधिकारी घटना की जांच कर रहे हैं।
आसपास के लोगों में बढ़ी चिंता
बड़े विद्युत उपकेंद्र में आग लगने की घटना के बाद आसपास रहने वाले लोगों में चिंता बढ़ गई। ट्रांसफार्मर में लगी आग और उठते धुएं को देखकर बड़ी संख्या में लोग मौके की ओर पहुंचे। हालांकि अभी तक किसी जनहानि की सूचना सामने नहीं आई है। विभाग की टीम स्थिति पर नजर बनाए हुए है और सुरक्षा मानकों के तहत कार्रवाई की जा रही है। विद्युत विभाग की ओर से घटना के बाद आगे की जानकारी साझा की जाएगी। फिलहाल प्राथमिकता आग पर नियंत्रण पाने और विद्युत व्यवस्था को सुरक्षित बनाए रखने की है।