Kabirdham. कबीरधाम। छत्तीसगढ़ के कबीरधाम जिले में थाना कोतवाली परिसर का वीडियो बनाकर सोशल मीडिया पर प्रसारित करने के मामले में पुलिस ने एक युवक को चिन्हित कर उसे थाने बुलाकर समझाइश दी। यह मामला सोशल मीडिया पर वीडियो वायरल होने के बाद पुलिस के संज्ञान में आया, जिसके बाद पुलिस ने तुरंत कार्रवाई करते हुए युवक की पहचान की और उसे पूछताछ के लिए थाना बुलाया। जानकारी के अनुसार, युवक आयान खान द्वारा थाना परिसर का वीडियो बनाकर सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म पर अपलोड किया गया था। वीडियो के प्रसारित होने के बाद यह मामला चर्चा में आ गया और पुलिस प्रशासन ने इसे गंभीरता से लिया। इसके बाद कोतवाली थाना पुलिस ने जांच शुरू की और युवक की पहचान कर उसे थाने तलब किया।
पूछताछ के दौरान युवक ने स्वीकार किया कि उसने बिना किसी गलत उद्देश्य के वीडियो रिकॉर्ड कर सोशल मीडिया पर साझा किया था, लेकिन उसे इस बात का अंदाजा नहीं था कि यह कार्रवाई नियमों और मर्यादा के खिलाफ हो सकती है। मामले की गंभीरता समझने के बाद युवक ने अपनी गलती स्वीकार करते हुए पुलिस के समक्ष लिखित माफी भी प्रस्तुत की। युवक ने आगे यह भी आश्वासन दिया कि भविष्य में वह इस प्रकार की कोई भी गतिविधि दोबारा नहीं करेगा और सोशल मीडिया का उपयोग जिम्मेदारी के साथ करेगा। पुलिस ने उसकी बात को ध्यान में रखते हुए उसे सख्त चेतावनी देकर छोड़ दिया।
थाना प्रभारी योगेश कश्यप ने युवक को समझाइश देते हुए कहा कि थाना परिसर और पुलिस व्यवस्था की गरिमा बनाए रखना हर नागरिक का दायित्व है। उन्होंने यह भी स्पष्ट किया कि सोशल मीडिया का उपयोग जिम्मेदारी और नियमों के दायरे में रहकर ही किया जाना चाहिए, ताकि किसी भी प्रकार की गलत जानकारी या भ्रामक संदेश न फैले। उन्होंने कहा कि आज के समय में सोशल मीडिया एक शक्तिशाली माध्यम है, लेकिन इसके गलत उपयोग से कानून-व्यवस्था पर भी असर पड़ सकता है। इसलिए किसी भी सरकारी या संवेदनशील स्थान की वीडियो या फोटो बिना अनुमति के प्रसारित नहीं करनी चाहिए।
कबीरधाम पुलिस ने इस मामले के माध्यम से आम जनता और विशेषकर युवाओं से अपील की है कि वे सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म का उपयोग सकारात्मक और जिम्मेदार तरीके से करें। पुलिस ने कहा कि किसी भी प्रकार की आपत्तिजनक, भ्रामक या कानून व्यवस्था को प्रभावित करने वाली सामग्री को साझा करने से बचना चाहिए। पुलिस ने यह भी बताया कि सोशल मीडिया गतिविधियों पर लगातार निगरानी रखी जा रही है और यदि कोई व्यक्ति नियमों का उल्लंघन करता है तो उसके खिलाफ आवश्यक वैधानिक कार्रवाई की जाएगी। पुलिस का उद्देश्य किसी को अनावश्यक परेशान करना नहीं, बल्कि कानून व्यवस्था को बनाए रखना है।