छत्तीसगढ़ के सांसद-विधायकों से जुड़े मामलों की हाईकोर्ट ने जारी की ताजा रिपोर्ट
बिलासपुर। छत्तीसगढ़ हाईकोर्ट ने राज्य के सांसदों और विधायकों के विरुद्ध लंबित आपराधिक मामलों की अद्यतन स्थिति रिपोर्ट जारी की है। रिपोर्ट में विभिन्न जिलों की अदालतों में चल रहे मामलों की सुनवाई की वर्तमान स्थिति और आगामी तिथियों का उल्लेख किया गया है। रिपोर्ट के अनुसार, पूर्व मुख्यमंत्री एवं पाटन विधायक भूपेश बघेल तथा अन्य आरोपियों के खिलाफ दर्ज सीबीआई प्रकरण में आज 28 जुलाई को रायपुर के मुख्य न्यायिक मजिस्ट्रेट (सीजेएम) की अदालत में सुनवाई हो रही है।
रिपोर्ट में बताया गया है कि वर्ष 2018 में दर्ज विशेष आपराधिक प्रकरण सीबीआई बनाम कैलाश मुरारका एवं अन्य में पूर्व मुख्यमंत्री भूपेश बघेल के अलावा कैलाश मुरारका, विजय पांड्या, विनोद वर्मा और विजय भाटिया आरोपी हैं। सीबीआई ने इस मामले में भारतीय दंड संहिता (आईपीसी) की धारा 120-बी (आपराधिक षड्यंत्र), 469 (प्रतिष्ठा को नुकसान पहुंचाने के उद्देश्य से जालसाजी) और 471 (जाली दस्तावेज को असली के रूप में उपयोग करना) के साथ सूचना प्रौद्योगिकी अधिनियम की संबंधित धाराओं के तहत मामला दर्ज किया है।
हाईकोर्ट की रिपोर्ट में रायपुर, बिलासपुर, बलौदाबाजार, जांजगीर-चांपा और कबीरधाम सहित विभिन्न जिलों में लंबित मामलों की स्थिति भी स्पष्ट की गई है। देवेंद्र यादव (विधायक) के प्रवर्तन निदेशालय (ईडी) से जुड़े मामले में 17 जुलाई 2026 को सुनवाई की तिथि निर्धारित थी। अन्य आपराधिक मामलों में भी अलग-अलग तिथियां तय की गई हैं। कवासी लखमा (विधायक) की ईडी मामले में 25 जुलाई 2026 को सुनवाई हुई। वहीं एसीबी के प्रकरण में 1 जुलाई को अदालत में पेशी हुई। अटल श्रीवास्तव (विधायक) के विरुद्ध भारतीय न्याय संहिता (बीएनएस) और आईपीसी की धाराओं के तहत दर्ज मामले में साक्ष्य के लिए 4 अगस्त 2026 की तिथि निर्धारित की गई है। हाईकोर्ट द्वारा अद्यतन रिपोर्ट जारी करने का उद्देश्य ऐसे मामलों की नियमित निगरानी और समयबद्ध सुनवाई सुनिश्चित करना है।