Sukma. सुकमा। छत्तीसगढ़ के सुकमा जिले में सुरक्षा बलों को नक्सल मोर्चे पर एक और बड़ी सफलता मिली है। एर्राबोर पुलिस ने दो नक्सल सप्लायरों को गिरफ्तार कर उनके पास से विस्फोटक सामग्री बरामद की है। यह कार्रवाई पुलिस की सतर्कता और खुफिया तंत्र की सक्रियता का नतीजा बताई जा रही है। जानकारी के अनुसार, एर्राबोर थाना क्षेत्र के ग्राम मरईगुड़ा के पटेलपारा में रहने वाले दो व्यक्ति गुपचुप तरीके से नक्सलियों को विस्फोटक सामग्री और अन्य आवश्यक वस्तुएं पहुंचाने का काम कर रहे थे। इनकी गतिविधियों की सूचना पुलिस को पहले से मिल रही थी, जिसके बाद एर्राबोर थाना प्रभारी के नेतृत्व में एक विशेष टीम गठित की गई। टीम ने गुप्त सूचना के आधार पर इलाके में घेराबंदी कर दोनों आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया। पुलिस ने बताया कि दोनों आरोपी नक्सलियों के नियमित सप्लायर हैं और लंबे समय से माओवादियों को सामग्रियां उपलब्ध करा रहे थे। गिरफ्तार आरोपियों के पास से बारूद, डेटोनेटर, तार, बैटरी सेल और अन्य विस्फोटक सामग्री बरामद की गई है।
पुलिस की रणनीतिक सफलता
पुलिस ने इस कार्रवाई को नक्सल नेटवर्क को कमजोर करने की दिशा में बड़ी सफलता बताया है। सुकमा एसपी ने जानकारी देते हुए कहा कि गिरफ्तार दोनों आरोपी पिछले कई महीनों से नक्सलियों को आवश्यक सामान, राशन, कपड़े और विस्फोटक सामग्री पहुंचाने का कार्य कर रहे थे। दोनों को पकड़ने के बाद पुलिस ने उनके पास से मिले सामान को जब्त कर लिया है। पुलिस ने बताया कि आरोपियों के खिलाफ धारा 120-बी (षड्यंत्र), 8(1)(2)(3) छत्तीसगढ़ विशेष जन सुरक्षा अधिनियम और अन्य संबंधित धाराओं के तहत मामला दर्ज किया गया है। उन्हें न्यायालय में पेश किया गया, जहां से दोनों को न्यायिक रिमांड पर जेल भेज दिया गया है।
गांव में फैली चर्चा, सुरक्षा एजेंसियों की नजर
गांव के लोगों के बीच इस गिरफ्तारी की खबर फैलते ही चर्चा का माहौल बन गया है। पुलिस को संदेह है कि इलाके में और भी कुछ स्थानीय लोग नक्सलियों के संपर्क में हैं, जो जानकारी या सामान पहुंचाने में सहयोग करते हैं। सुरक्षा एजेंसियां अब इन आरोपियों से पूछताछ कर उनके नेटवर्क और नक्सल कनेक्शन की विस्तृत जानकारी जुटाने में लगी हैं। पुलिस सूत्रों के अनुसार, दोनों आरोपियों ने प्रारंभिक पूछताछ में यह कबूल किया है कि वे नक्सलियों के दबाव में आकर उनकी मदद करते थे। उन्हें जंगल में नक्सलियों के ठिकानों तक सामान पहुंचाने के एवज में कुछ पैसे और अनाज दिया जाता था।
सुरक्षा बलों की सख्त निगरानी
सुकमा और आसपास के नक्सल प्रभावित इलाकों में पुलिस और सीआरपीएफ की संयुक्त टीमें लगातार अभियान चला रही हैं। हाल के दिनों में कई नक्सल ठिकाने ध्वस्त किए गए हैं और बड़ी मात्रा में विस्फोटक सामग्री बरामद की गई है। एर्राबोर थाना क्षेत्र नक्सल गतिविधियों के लिहाज से बेहद संवेदनशील माना जाता है। ऐसे में इस तरह की गिरफ्तारी से पुलिस का मनोबल बढ़ा है और नक्सली नेटवर्क पर दबाव और बढ़ गया है।