दुर्ग पुलिस ने 24 घंटे में सुलझाई घर चोरी की गुत्थी, 3 आरोपी गिरफ्तार
छग
Durg. दुर्ग। संपत्ति संबंधी अपराधों पर प्रभावी नियंत्रण के लिए चलाए जा रहे विशेष अभियान के तहत दुर्ग पुलिस ने एक बार फिर त्वरित कार्रवाई का उदाहरण पेश किया है। थाना उतई क्षेत्र में घर में हुई चोरी की वारदात का पुलिस ने महज 24 घंटे के भीतर खुलासा करते हुए तीन आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया। पुलिस ने आरोपियों के कब्जे से चोरी गए पीतल के बर्तन, नकदी और घटना में इस्तेमाल की गई मोटरसाइकिल भी बरामद कर ली है। पुलिस अधिकारियों का कहना है कि सीसीटीवी फुटेज, तकनीकी साक्ष्यों और मुखबिर से मिली सूचना के आधार पर आरोपियों तक पहुंचना संभव हो सका।
पुलिस के अनुसार यह मामला थाना उतई क्षेत्र के आजाद चौक का है। 1 अगस्त 2026 को प्रार्थी लुमेश कुमार चक्रधारी ने थाना उतई में शिकायत दर्ज कराई कि 31 जुलाई की सुबह करीब चार बजे अज्ञात चोर उनके घर के पीछे के दरवाजे की कुंडी निकालकर अंदर घुस गए। चोरों ने घर में रखे पीतल के बर्तन और पूजा कक्ष में रखी नकदी चोरी कर ली तथा मौके से फरार हो गए। घटना की सूचना मिलते ही पुलिस ने मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी। प्रकरण में अपराध क्रमांक 410/2026 के तहत भारतीय न्याय संहिता (बीएनएस) की धारा 331(4) और 305 के तहत अपराध दर्ज किया गया। मामले की गंभीरता को देखते हुए थाना उतई पुलिस ने तत्काल एक विशेष टीम गठित की। टीम ने घटनास्थल का बारीकी से निरीक्षण किया और आसपास लगे सीसीटीवी कैमरों की फुटेज खंगाली। साथ ही तकनीकी साक्ष्य एकत्र किए गए और मुखबिर तंत्र को सक्रिय किया गया।
जांच के दौरान मिले सुरागों के आधार पर पुलिस ने संदिग्धों की पहचान की और उनसे पूछताछ की। पूछताछ में तीनों आरोपियों ने चोरी की वारदात को अंजाम देना स्वीकार कर लिया। उनकी निशानदेही पर पुलिस ने चोरी गए पीतल के बर्तन, पूजा कक्ष से चोरी की गई 2,500 रुपये की नकदी तथा घटना में इस्तेमाल की गई मोटरसाइकिल क्रमांक CG 07 LS 4855 बरामद कर ली। विवेचना के दौरान मामले में बीएनएस की धारा 317(2) और 3(5) भी जोड़ी गई। इसके बाद तीनों आरोपियों को विधिवत गिरफ्तार कर न्यायालय में पेश किया गया, जहां से उन्हें न्यायिक रिमांड पर भेज दिया गया।
पुलिस जांच में सामने आया कि आरोपी सुनसान समय का फायदा उठाकर वारदात को अंजाम देते थे। वे सुबह तड़के मकानों के पीछे के हिस्से से प्रवेश करते, घरों में रखे कीमती सामान और नकदी चोरी करते और फिर मोटरसाइकिल के जरिए मौके से फरार हो जाते थे। चोरी का सामान बाद में कबाड़ियों को बेच दिया जाता था। पुलिस अब यह भी पता लगा रही है कि आरोपियों ने इससे पहले जिले में अन्य चोरी की घटनाओं को अंजाम दिया है या नहीं। गिरफ्तार आरोपियों में शुभम कुमार विश्वकर्मा (26 वर्ष) निवासी आजाद चौक, उतई, सूर्यकांत उर्फ अमन महार (19 वर्ष) निवासी खदानपारा, उतई तथा लवकुमार साहू (35 वर्ष) निवासी बी-ब्लॉक, दक्षिण गंगोत्री, सुपेला शामिल हैं। पुलिस का कहना है कि तीनों से पूछताछ जारी है और उनके आपराधिक रिकॉर्ड की भी जांच की जा रही है।
बरामद सामग्री में एक पीतल का गंज, पीतल की गुंडी, पीतल की थाली, 2,500 रुपये नकद और वारदात में प्रयुक्त मोटरसाइकिल शामिल है। पुलिस ने सभी सामान को जब्त कर कानूनी प्रक्रिया शुरू कर दी है। इस कार्रवाई में थाना प्रभारी निरीक्षक मोहन भारद्वाज, उप निरीक्षक दीपक कुमार, सहायक उप निरीक्षक मदनलाल साहू, आरक्षक ध्रुवनारायण चन्द्राकर, अजय देवांगन, दीपक जान तथा थाना उतई की पूरी टीम की महत्वपूर्ण भूमिका रही। पुलिस अधिकारियों ने बताया कि टीम की सक्रियता, त्वरित विवेचना, तकनीकी विश्लेषण और समन्वित प्रयासों के कारण चोरी की घटना का शीघ्र खुलासा संभव हो सका। दुर्ग पुलिस ने आम नागरिकों से अपील की है कि यदि उन्हें अपने आसपास कोई संदिग्ध गतिविधि दिखाई दे तो इसकी सूचना तुरंत पुलिस को दें। पुलिस का कहना है कि प्रत्येक शिकायत पर त्वरित, निष्पक्ष और प्रभावी कार्रवाई की जाती है। अधिकारियों ने भरोसा दिलाया कि संपत्ति संबंधी अपराधों पर नियंत्रण के लिए विशेष अभियान आगे भी जारी रहेगा और अपराधियों के खिलाफ सख्त कानूनी कार्रवाई की जाएगी। जनता के सहयोग और पुलिस की सतर्कता से ही सुरक्षित एवं अपराधमुक्त समाज का निर्माण संभव है।