Dhamtari. धमतरी। कोतवाली थाना क्षेत्र के रुद्री रोड पर जैन सुपर बाजार के सामने बुधवार सुबह एक बड़ा हादसा होने से टल गया। यहां नशे में धुत ई-रिक्शा चालक की लापरवाही के चलते रिक्शा अनियंत्रित होकर पलट गई, जिसमें सवार पांच स्कूली बच्चे घायल हो गए। यह घटना उस समय हुई जब चालक टिकरापारा और अंबेडकर चौक से बच्चों को लेकर गोकुलपुर गवर्नमेंट स्कूल की ओर जा रहा था। प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार सड़क पर अचानक साइकिल सवार दो स्कूली बच्चे सामने आ गए, जिन्हें बचाने की कोशिश में ई-रिक्शा असंतुलित होकर पलट गई। हादसे की गंभीरता को देखते हुए स्थानीय लोगों और राहगीरों ने तुरंत बच्चों को बाहर निकाला और इलाज के लिए जिला अस्पताल तथा पास के निजी अस्पताल में भर्ती कराया। डॉक्टरों ने बताया कि सभी बच्चों को केवल मामूली चोटें आई हैं और उनकी स्थिति सामान्य है।
हादसे के बाद घटनास्थल पर लोगों की भीड़ एकत्र हो गई। लोगों का कहना है कि रुद्री रोड का यह हिस्सा काफी व्यस्त और बेहद खतरनाक माना जाता है। इस मार्ग पर पहले भी कई दुर्घटनाएं हो चुकी हैं, जिस पर पुलिस ने इस स्थान को पहले ही 'ब्लैक स्पॉट' के रूप में चिन्हांकित किया है। बावजूद इसके यहां तेज रफ्तार, लापरवाही और अव्यवस्थित यातायात की वजह से हादसे लगातार बढ़ते जा रहे हैं। चिंता की बात यह है कि ई-रिक्शा चालक हादसे के समय नशे में था, जिसकी पुष्टि प्रत्यक्षदर्शियों और पुलिस जांच में सामने आई प्रारंभिक जानकारी से होती है। स्कूल बच्चों को लाने-ले जाने का जिम्मा संभालने वाले चालकों द्वारा इस तरह लापरवाही पूर्वक वाहन चलाना गंभीर सवाल खड़े करता है। स्थानीय लोगों ने इस घटना के बाद ऐसे चालकों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की मांग की है, ताकि भविष्य में किसी बड़ी दुर्घटना को टाला जा सके। पुलिस ने मामले में ई-रिक्शा चालक को हिरासत में ले लिया है।
उसके खिलाफ नशे में वाहन चलाने तथा बच्चों की जान जोखिम में डालने के आरोप में कार्रवाई की जा रही है। कोतवाली पुलिस ने कहा कि आगे की जांच पूरी होने के बाद आवश्यक धाराओं के तहत मामला दर्ज किया जाएगा। परिजनों ने स्कूल प्रबंधन और प्रशासन से मांग की है कि बच्चों के परिवहन के लिए नियमित जांच और सख्त मानक लागू किए जाएं। उन्होंने कहा कि यदि समय रहते निगरानी और नियम लागू किए जाएं तो ऐसे हादसे आसानी से रोके जा सकते हैं। गनीमत यह रही कि इस हादसे में कोई गंभीर रूप से घायल नहीं हुआ। लेकिन घटना ने एक बार फिर से यह सवाल खड़ा कर दिया है कि व्यस्त सड़कों पर स्कूल वाहनों की सुरक्षा सुनिश्चित करने के लिए प्रशासन कब कठोर कदम उठाएगा। स्थानीय लोगों के मुताबिक रुद्री रोड पर ट्रैफिक नियंत्रण, स्पीड लिमिट लागू करने और नियमित निगरानी बढ़ाने की तत्काल जरूरत है। यह हादसा इस बात की कड़ी चेतावनी है कि लापरवाह और नशे में वाहन चलाना न केवल गैरकानूनी है बल्कि बच्चों की जिंदगी के लिए बड़ा खतरा भी है। धमतरी पुलिस ने बच्चों की सुरक्षा को प्राथमिकता बताते हुए आगे भी ऐसे चालकों पर विशेष नजर रखने की बात कही है।