छत्तीसगढ़ पुलिस की ताबड़तोड़ कार्रवाई के बाद भी नंगी पार्टी और ड्रग्स-सूखा नशा रुक नहीं रहा
रक्षाबंधन के दूसरे दिन पार्टी फिर शुरू देर रात 3 बजे तक चली
रायपुर: राजधानी में पुलिस के सामने एक नहीं कई चुनौतियां रोजाना सामने आती है। पिछले दिनों राजधानी के एक मॉल में राखी के दिन आयोजित सिब्लिंग्स कराओके नाईट और ड्रिंक्स पर १+१ ऑफर वाले कार्यक्रम को सामाजिक संगठनों ने कड़े विरोध कर बंद तो करा दिया था लेकिन सूत्रों के मुताबिक वही आयोजन राखी के दूसरे दिन जोश खरोश के साथ आयोजित किया गया। पार्टी का आयोजन द बियर कैफे ने किया था जिसके संचालक बाद में सामाजिक संगठनों से माफ़ी मांग कर आयोजन को निरस्त तो जरूर कर दिए लेकिन उनके जाते ही दूसरे दिन पार्टी जमकर हुआ। जहाँ खेलेआम जाम छलके। वैसे भी रक्षाबंधन में पहली बार छत्तीसगढ़ में ऐसा आयोजन हुआ था लेकिन दूसरे त्योहारों में कई नाम से पार्टी आयोजित कर आयोजक युवाओ को छककर दारू पिलाते हैं। देखा जा रहा है की वीआईपी रोड, देवपुरी, भाठागांव, अमलेश्वर, माना, पाटन, के पब और क्लबों में बड़ी मात्रा में सूखे नशे का उपयोग होता है जिसकी जानकारी पुलिस को भी है लेकिन रसूखदारों के पब और कैफे होटल होने के कारण कोई कार्रवाई नहीं कर पाते।
इन क्लबों और पब में शुक्र,शनि,रविवार तीन दिन रायपुर सहित देश के नशेड़ी युवाओं का जमावड़ा लगा रहता है। इस शहर के जाबाजों को, दलाली के धंधे में परोस रहे हैं नंगाई पुलिस की ताबड़तोड़ कार्रवाई के बाद भी युवा नंगी पार्टी और ड्रग्स की गिरफ्त में आ चुके हैं। दूसरी ओर युवा ही करोड़ों की कमाई की भूख ने 'न्यूड पार्टी' और 'स्ट्रेंजर पार्टी' का आयोजन करने लगे हैं। हेरोइन, कोकेन, MDMA, गांजा और सूखे नशे की बढ़ती खपत क्लबों, फॉर्म हाउस, होटलों में भरी मात्रा में हर महीने हो रही है इस बात से ही अंदाजा लगाया जा सकता है कि किस कदर नशे का कारोबार अंदर अंदर तक फ़ैल गया है।
रायपुर पुलिस की लगातार नंगी पार्टियों औऱ फूहड़ता से भरी रंगीनियत के खिलाफ ताबड़तोड़ कार्रवाई के बाद भी रसूखदार और रइसों के साहबजादे उस कगार पर पहुंच चुके है जहां से वापसी संभव ही नहीं है। अँधाधुंध कमाई की होड़ में अश्लीलता की सारी हदें पार कर नंगाई की चरम सीमा को लांघ चुकी है। पूरी संस्कृति और परंपरा को नंगाई का नाम दे दिया गया है। कमाई के नाम पर राजधानी रायपुर आजकल तरह-तरह के एसे धंधे हो रहे है जिसकी कल्पना भी लोग नहीं किया थे। आजकल राजधानी रायपुर भी महानगरों दिल्ली, मुंबई, कोतकाता, चेन्नई की तरह ड्रग्स और फूहड़ पार्टियों की वजह से सुर्खियों में है। हेरोइन, कोकेन, MDMA, गांजा और सूखे नशे की बढ़ती खपत शहर के क्लबों, फॉर्म हाउस, होटलों को अय्याशी और क्राइम के नए अड्डों में बदलती जा रही है। कई क्लब और फॉर्म हाउस ऐसे हैं, जो पहले भी विवादों में रह चुके हैं वही अब फिर से इस तरह की नंगी पार्टी आयोजित करने में आगे रहते हैं। पूल पार्टियों और फूहड़ आयोजनों का क्रेज राजधानी में अब काफी बढ़ चूका है , जिसे ज्वाइन करने महानगरों से भी युवा रायपुर आने लगे हैं।