जनभागीदारी से नेशनल हाईवे से स्कूल तक पक्की सड़क निर्माण कार्य प्रारम्भ
छग
Mahasamund. महासमुंद। जिले के ग्राम बेलटुकरी में ग्रामीणों की लंबे समय से चली आ रही मांग अब पूरी होती नजर आ रही है। जनभागीदारी मॉडल के तहत नेशनल हाईवे से बेलटुकरी स्कूल तक लगभग 3.50 किलोमीटर लंबी पक्की सड़क निर्माण कार्य की शुरुआत कर दी गई है। इस सड़क का उद्देश्य ग्रामीणों और विशेष रूप से स्कूली बच्चों को बेहतर और सुरक्षित आवागमन सुविधा उपलब्ध कराना है। यह निर्णय ग्राम बेलटुकरी में आयोजित जनचौपाल के दौरान ग्रामीणों की मांग पर कलेक्टर विनय कुमार लंगेह द्वारा लिया गया था। ग्रामीणों की समस्याओं को गंभीरता से लेते हुए कलेक्टर ने संबंधित विभागों को तत्काल कार्रवाई के निर्देश दिए थे। इसी के तहत आज सड़क निर्माण कार्य का विधिवत शुभारंभ किया गया।
निर्माण कार्य की शुरुआत के अवसर पर कलेक्टर विनय कुमार लंगेह स्वयं मौके पर पहुंचे और कार्य का अवलोकन किया। उन्होंने निर्माण एजेंसी और संबंधित अधिकारियों को स्पष्ट निर्देश दिए कि सड़क निर्माण में किसी भी प्रकार की लापरवाही नहीं होनी चाहिए और गुणवत्ता मानकों का पूरा पालन किया जाए। उन्होंने कहा कि यह सड़क ग्रामीणों की दैनिक जरूरतों और बच्चों की शिक्षा से सीधे जुड़ी हुई है, इसलिए इसे उच्च गुणवत्ता के साथ समय पर पूरा किया जाए। इस अवसर पर प्रधानमंत्री ग्राम सड़क योजना (PMGSY) के कार्यपालन अभियंता आशीष कुलदीप भी उपस्थित रहे। उन्होंने जानकारी दी कि निर्माण कार्य तेजी से शुरू कर दिया गया है और इसे निर्धारित समय सीमा के भीतर पूरा करने का प्रयास किया जा रहा है।
ग्राम बेलटुकरी में अब तक कच्चे रास्ते के कारण ग्रामीणों और स्कूली बच्चों को भारी परेशानियों का सामना करना पड़ता था। विशेषकर बरसात के मौसम में स्थिति और अधिक खराब हो जाती थी, जिससे बच्चों की शिक्षा प्रभावित होती थी और ग्रामीणों को आवागमन में कठिनाई होती थी। कलेक्टर विनय कुमार लंगेह ने ग्रामीणों की समस्याओं को ध्यान में रखते हुए जनसहभागिता और विभागीय समन्वय के माध्यम से इस परियोजना को प्राथमिकता दी है। उन्होंने कहा कि विकास कार्यों में जनता की भागीदारी बेहद महत्वपूर्ण है और इसी मॉडल के तहत जिले में अन्य आवश्यक कार्यों को भी आगे बढ़ाया जाएगा। ग्रामीणों ने सड़क निर्माण कार्य शुरू होने पर प्रसन्नता व्यक्त की और प्रशासन के इस प्रयास की सराहना की। उनका कहना है कि अब बच्चों को स्कूल जाने में किसी तरह की परेशानी नहीं होगी और पूरे क्षेत्र में आवागमन सुगम हो जाएगा। प्रशासन का मानना है कि इस सड़क के निर्माण से न केवल शिक्षा व्यवस्था को लाभ मिलेगा, बल्कि ग्रामीण अर्थव्यवस्था और दैनिक जीवन भी बेहतर होगा। यह परियोजना क्षेत्र के समग्र विकास में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगी।