Balodabazar. बलौदाबाजार। राष्ट्रीय बालिका दिवस के अवसर पर जिले में बालिकाओं के अधिकार, शिक्षा, स्वास्थ्य और सुरक्षा को लेकर जागरूकता बढ़ाने के उद्देश्य से विशेष कार्यक्रम का आयोजन किया गया। कलेक्टर दीपक सोनी एवं जिला कार्यक्रम अधिकारी अतुल परिहार के मार्गदर्शन में जिला स्तरीय महिला सशक्तिकरण केन्द्र (हब) द्वारा “बेटी बचाओ बेटी पढ़ाओ” योजना के अंतर्गत स्वामी आत्मानंद उत्कृष्ट हिन्दी माध्यम शासकीय उच्चतर माध्यमिक विद्यालय लवन एवं शासकीय हाई स्कूल खिलोरा में यह जागरूकता कार्यक्रम आयोजित किया गया।
कार्यक्रम का उद्देश्य बालिकाओं को अपने अधिकारों के प्रति सजग बनाना और उन्हें आत्मनिर्भर एवं सशक्त बनने के लिए प्रेरित करना रहा। इस दौरान छात्राओं को स्वास्थ्य से जुड़ी महत्वपूर्ण जानकारी देते हुए एनीमिया से बचाव, संतुलित आहार और नियमित स्वास्थ्य जांच के महत्व पर विस्तार से चर्चा की गई। किशोरावस्था में सही पोषण और जागरूकता से कई गंभीर बीमारियों से बचा जा सकता है। जागरूकता सत्र के दौरान बालिकाओं को शिक्षा के महत्व, महिला सशक्तिकरण, सुरक्षा और उनके हितों से जुड़े विभिन्न विषयों पर जानकारी दी गई। विशेष रूप से बाल विवाह की रोकथाम, कार्यस्थल पर महिलाओं का यौन उत्पीड़न, घरेलू हिंसा तथा दहेज प्रथा जैसे सामाजिक कुप्रथाओं पर विस्तार से चर्चा की गई। छात्राओं को यह भी बताया गया कि ऐसी किसी भी स्थिति में वे कानून और प्रशासन की मदद कैसे ले सकती हैं। कार्यक्रम में सोशल मीडिया के सकारात्मक और नकारात्मक पहलुओं पर भी प्रकाश डाला गया।
सोशल मीडिया पर गलत पोस्ट, आपत्तिजनक सामग्री और इंफोग्राफिक्स के दुष्प्रभावों के बारे में जानकारी देते हुए सुरक्षित और जिम्मेदार उपयोग की सलाह दी। बालिकाओं को ऑनलाइन सुरक्षा, साइबर अपराध से बचाव और व्यक्तिगत जानकारी की गोपनीयता बनाए रखने के उपाय भी बताए गए। इसके साथ ही शासन द्वारा संचालित विभिन्न विभागीय योजनाओं की जानकारी दी गई, जिनमें बेटी बचाओ बेटी पढ़ाओ, महिला हेल्पलाइन 181, सखी वन स्टॉप सेंटर, प्रधानमंत्री मातृ वंदना योजना, पालना योजना, चाइल्ड हेल्पलाइन 1098 शामिल हैं। साथ ही दहेज प्रतिषेध अधिनियम 1961, बाल विवाह प्रतिषेध अधिनियम 2006 और घरेलू हिंसा से संरक्षण अधिनियम 2005 के प्रावधानों के बारे में भी विस्तार से बताया गया, ताकि बालिकाएं अपने अधिकारों को समझ सकें और जरूरत पड़ने पर उनका उपयोग कर सकें।