पश्चिम चंपारण। बिहार के पश्चिम चंपारण जिले में वर्ष 2016 में हुए आठ वर्षीय बच्चे पर गोली चलाने के मामले में जिला एवं अपर सत्र न्यायाधीश चतुर्थ मानवेंद्र मिश्र की अदालत ने बड़ा फैसला सुनाया है। अदालत ने चौतरवा थाना क्षेत्र में अंकित यादव की हत्या के प्रयास के मामले में आरोपी पिता-पुत्र को दोषी करार दिया है।
अदालत के इस फैसले के बाद वर्षों पुराने मामले में पीड़ित परिवार को न्याय मिलने की उम्मीद जगी है। दोषी ठहराए गए दोनों आरोपियों की सजा के बिंदु पर सुनवाई आगे की जाएगी।
2016 में हुई थी घटना
मामला वर्ष 2016 का है, जब चौतरवा थाना क्षेत्र में आठ वर्षीय अंकित यादव पर गोली चलाकर उसकी हत्या का प्रयास किया गया था। घटना के बाद इलाके में सनसनी फैल गई थी।
पीड़ित परिवार की शिकायत के आधार पर पुलिस ने मामले की जांच शुरू की थी। जांच के दौरान पुलिस ने आरोपियों के खिलाफ साक्ष्य जुटाए और मामला न्यायालय तक पहुंचा।
अदालत में चली लंबी सुनवाई
मामले की सुनवाई जिला एवं अपर सत्र न्यायाधीश चतुर्थ मानवेंद्र मिश्र की अदालत में चल रही थी। सुनवाई के दौरान अभियोजन पक्ष ने घटना से जुड़े तथ्यों और साक्ष्यों को अदालत के सामने रखा।
अभियोजन की ओर से पेश किए गए साक्ष्यों और गवाहों के बयान के आधार पर अदालत ने दोनों आरोपियों को दोषी माना।
पिता-पुत्र को ठहराया गया दोषी
अदालत ने गुरुवार को मामले में आरोपी पिता-पुत्र को दोषी करार दिया। दोनों पर आठ वर्षीय अंकित यादव की हत्या के प्रयास का आरोप था।
फैसले के बाद अदालत में आगे की प्रक्रिया शुरू की जाएगी। दोषियों को मिलने वाली सजा पर सुनवाई के बाद निर्णय लिया जाएगा।
पीड़ित परिवार को मिला न्याय का भरोसा
फैसले के बाद पीड़ित परिवार में न्याय की उम्मीद जगी है। परिवार का कहना है कि घटना के बाद से वे लंबे समय से न्याय की प्रतीक्षा कर रहे थे।
कानूनी प्रक्रिया पूरी होने में कई वर्ष लग गए, लेकिन अदालत के फैसले से उन्हें राहत मिली है।
पुलिस जांच में जुटाए गए थे साक्ष्य
घटना के बाद चौतरवा थाना पुलिस ने मामले की जांच की थी। पुलिस ने आरोपियों के खिलाफ आवश्यक साक्ष्य जुटाए और आरोप पत्र न्यायालय में दाखिल किया।
मामले की गंभीरता को देखते हुए पुलिस और अभियोजन पक्ष ने अदालत में मजबूत पैरवी की।
कानून व्यवस्था के लिए महत्वपूर्ण फैसला
इस तरह के मामलों में अदालत का फैसला समाज में कानून व्यवस्था और न्याय प्रणाली पर विश्वास मजबूत करता है। आठ वर्षीय बच्चे पर हुए हमले के मामले में दोषियों को सजा मिलने से अपराध करने वालों को कड़ा संदेश जाएगा।
सजा पर जल्द होगी सुनवाई
अदालत द्वारा दोषी करार दिए जाने के बाद अब सभी की नजर सजा के फैसले पर है। न्यायालय जल्द ही दोनों दोषियों की सजा की अवधि तय करेगा।
फिलहाल, वर्षों पुराने इस मामले में अदालत के फैसले को महत्वपूर्ण माना जा रहा है। पीड़ित परिवार को अब अंतिम निर्णय का इंतजार है।