Bihar बिहार: जवाहर सेतु और सोन रेलवे पुल के बीच सोन नदी में मंगलवार दोपहर नहाने के दौरान 12 वर्षीय किशोर रंजीत कुमार की डूबने से मौत हो गई। बुधवार को पुलिस और गोताखोरों ने नदी में सर्च ऑपरेशन कर उसका शव बरामद किया। मृतक की पहचान स्टेशन रोड वार्ड नंबर 17, आदर्श नगर निवासी संतोष साह के पुत्र के रूप में हुई।
स्थानीय लोगों और मित्रों के अनुसार, मंगलवार दोपहर करीब 2:30 बजे तेज गर्मी और उमस से राहत पाने के लिए रंजीत अपने छह दोस्तों के साथ सोन नदी गया था। नदी के किनारे पर एक दोस्त कपड़े और मोबाइल रखकर निगरानी कर रहा था, जबकि रंजीत और बाकी पांच लड़के नहाने के लिए पानी में उतरे।
स्थानीय युवक अमित कुमार पटेल ने बताया कि शुरुआत में नदी में पानी कम था और बच्चे सुरक्षित महसूस कर रहे थे। लेकिन नहाने के दौरान अचानक पानी का बहाव तेज हो गया और सभी लड़के डूबने लगे। उन्होंने चीख-पुकार मचाई और मदद के लिए आवाज दी। शोर सुनकर पाली मोहल्ला निवासी मछुआरा अजय चौधरी तुरंत नदी में कूद पड़ा।
घटना स्थल पर पहुंचे ग्रामीण और मछुआरों ने भी राहत और बचाव कार्य में हिस्सा लिया। पुलिस ने बताया कि रंजीत और उसके दोस्तों को पानी की तेजी के कारण तैरते हुए निकलने में कठिनाई हुई और उनमें से अधिकांश किसी तरह किनारे तक पहुंचे, लेकिन रंजीत बहाव में फंस गया और बाहर नहीं आ सका।
घटना की जानकारी मिलने पर डेहरी नगर थाना की पुलिस मौके पर पहुंची और गोताखोरों की मदद से खोजबीन शुरू की। बुधवार को दोपहर तक रंजीत का शव नदी से बरामद कर लिया गया। शव को पोस्टमॉर्टम के लिए अस्पताल भेज दिया गया है।
पुलिस ने कहा कि शुरुआती जांच में यह स्पष्ट हुआ कि घटना आकस्मिक थी और इसमें किसी की लापरवाही या अपराध की संभावना नहीं है। हालांकि, पुलिस ने स्थानीय प्रशासन और स्कूलों को चेतावनी दी है कि गर्मी और उमस के समय बच्चों को नदी या जलाशयों में अकेले न जाने दिया जाए।
स्थानीय निवासियों ने भी चेतावनी दी कि गर्मी के दिनों में नदी में नहाने के दौरान हमेशा सतर्कता बरती जाए और बच्चों की निगरानी रखी जाए। कई लोगों ने कहा कि ऐसे हादसे रोकने के लिए सुरक्षा संकेत और तैराकी सीखने के कार्यक्रमों की व्यवस्था की जानी चाहिए।
घटना ने पूरे इलाके में शोक और दुःख की लहर फैला दी है। मृतक के परिवार और दोस्तों के बीच मातम छाया हुआ है। पुलिस ने इस दुखद हादसे की रिपोर्ट दर्ज कर ली है और आगे की जांच जारी है।