गुवाहाटी: असम सरकार के स्वास्थ्य और परिवार कल्याण विभाग तथा चिकित्सा शिक्षा एवं अनुसंधान विभाग ने खानापारा स्थित असम प्रशासनिक स्टाफ कॉलेज में ‘स्वास्थ्य चिंतन शिविर 2026’ का आयोजन किया। इस शिविर में राज्य की स्वास्थ्य व्यवस्था, चिकित्सा शिक्षा, अनुसंधान और स्वास्थ्य क्षेत्र में तकनीक के इस्तेमाल को बेहतर बनाने पर चर्चा की गई।
दिनभर चले इस कार्यक्रम में स्वास्थ्य सेवाओं को अधिक सुलभ, प्रभावी और मरीज-केंद्रित बनाने के लिए रणनीतियों पर मंथन हुआ। स्वास्थ्य संस्थानों के प्रदर्शन में सुधार, स्वास्थ्य सेवाओं की गुणवत्ता बढ़ाने और भविष्य की प्राथमिकताओं को तय करने पर विशेष ध्यान दिया गया। उद्घाटन सत्र को संबोधित करते हुए असम के स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण तथा चिकित्सा शिक्षा एवं अनुसंधान मंत्री अशोक सिंघल ने कहा कि राज्य में स्वास्थ्य ढांचे को और मजबूत करने, चिकित्सा शिक्षा व अनुसंधान को बढ़ावा देने तथा आधुनिक तकनीक के उपयोग को बढ़ाने की जरूरत है।
शिविर में स्वास्थ्य क्षेत्र से जुड़े कई अहम मुद्दों पर चर्चा हुई। इनमें डिजिटल हेल्थ सिस्टम, आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस का उपयोग, वित्तीय प्रबंधन, स्वास्थ्य संस्थानों की कार्यक्षमता और चिकित्सा शिक्षा में नवाचार शामिल रहे।कार्यक्रम के दौरान मेडिकल कॉलेजों, अस्पतालों और अन्य स्वास्थ्य संस्थानों के प्रतिनिधियों ने अपने काम और उपलब्धियों को साझा किया। इसके जरिए बेहतर कार्यप्रणाली अपनाने और संस्थानों के बीच तालमेल बढ़ाने पर जोर दिया गया।
मातृ, नवजात और बाल स्वास्थ्य सेवाओं को बेहतर बनाने के लिए भी विशेष सत्र आयोजित किया गया। इसमें जिला स्तर पर स्वास्थ्य सेवाओं को मजबूत करने, मरीज रेफरल सिस्टम को बेहतर बनाने और रेफरल के बाद देखभाल की निरंतरता सुनिश्चित करने पर चर्चा हुई।शिविर में आपातकालीन चिकित्सा सेवाओं, मरीजों के अनुभव, स्वास्थ्य योजनाओं की निगरानी और जवाबदेही जैसे विषयों की भी समीक्षा की गई। अस्पताल प्रशासन, दवाओं और चिकित्सा उपकरणों की उपलब्धता तथा खरीद व्यवस्था को लेकर भी विचार-विमर्श हुआ।
समापन सत्र में मंत्री अशोक सिंघल ने कहा कि स्वास्थ्य क्षेत्र में सुधार के लिए सभी विभागों और संस्थानों के बीच बेहतर समन्वय जरूरी है। उन्होंने कहा कि इस तरह के आयोजन राज्य की स्वास्थ्य व्यवस्था को नई दिशा देने में मदद करेंगे।कार्यक्रम में स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण विभाग के वरिष्ठ अधिकारी, नेशनल हेल्थ मिशन के अधिकारी, मेडिकल कॉलेजों के प्रिंसिपल, अस्पताल प्रशासक और स्वास्थ्य विभाग के कई वरिष्ठ अधिकारी मौजूद रहे।‘स्वास्थ्य चिंतन शिविर 2026’ का उद्देश्य स्वास्थ्य क्षेत्र से जुड़े सभी हितधारकों को एक मंच पर लाना था, ताकि चुनौतियों पर चर्चा कर असम में बेहतर और आधुनिक स्वास्थ्य सेवाओं के लिए प्रभावी रणनीति तैयार की जा सके।