लाइफ स्टाइल : घर की बालकनी, छत, खिड़की या एसी के आसपास कबूतरों का बार-बार आना आम समस्या है। शुरुआत में एक-दो कबूतर दिखाई देते हैं, लेकिन सुरक्षित जगह और आसानी से खाना-पानी मिलने पर उनकी संख्या बढ़ सकती है। इसके बाद बालकनी में पंख, घोंसले और बीट जमा होने लगती है। लगातार गंदगी रहने से दुर्गंध और सफाई की समस्या भी बढ़ सकती है।कबूतरों को नुकसान पहुंचाए बिना कुछ आसान उपाय अपनाकर उन्हें घर से दूर रखा जा सकता है। इसके लिए सबसे जरूरी है कि उनके बैठने, घोंसला बनाने और खाना मिलने की जगहों को नियंत्रित किया जाए। आइए जानते हैं ऐसे 10 आसान उपाय, जिनकी मदद से छत और बालकनी को साफ रखने में मदद मिल सकती है।
1. बालकनी में बर्ड नेट लगाएं
कबूतरों को बालकनी में आने से रोकने का सबसे प्रभावी तरीका बर्ड नेट लगाना है। अच्छी गुणवत्ता वाली जाली बालकनी के खुले हिस्से को कवर कर देती है, जिससे पक्षियों का अंदर प्रवेश मुश्किल हो जाता है।जाली लगाते समय ध्यान रखें कि उसमें कोई बड़ा गैप न छूटे। साथ ही नेट अच्छी तरह फिट होना चाहिए, ताकि पक्षी उसमें फंस न सकें। समय-समय पर जाली की जांच भी करते रहें।
2. खाना खुले में बिल्कुल न छोड़ें
कबूतर वहां बार-बार आते हैं जहां उन्हें आसानी से भोजन मिल जाता है। बालकनी या छत पर अनाज, रोटी, चावल या दूसरे खाद्य पदार्थ पड़े रहने पर पक्षी उस स्थान को भोजन के नियमित स्रोत के रूप में पहचान सकते हैं।अगर आसपास कबूतरों की समस्या ज्यादा है तो खुले में खाना रखने से बचें। कूड़ेदान का ढक्कन बंद रखें और खाने के टुकड़े गिरने पर तुरंत साफ कर दें।
3. जमा पानी हटाते रहें
कबूतरों को केवल भोजन ही नहीं, पानी भी आकर्षित करता है। बालकनी में रखे बर्तन, गमलों की प्लेट, बाल्टी या अन्य पात्रों में पानी जमा रहने से पक्षियों को नियमित पानी का स्रोत मिल जाता है।ऐसे बर्तनों को खाली रखें और जरूरत न होने पर उल्टा करके रख दें। इससे कबूतरों के साथ-साथ मच्छरों की समस्या कम करने में भी मदद मिल सकती है।
4. बैठने वाली जगह को ब्लॉक करें
कबूतर आमतौर पर रेलिंग, खिड़की की मुंडेर, छज्जे और एसी यूनिट के ऊपर बैठते हैं। यदि किसी एक जगह पर वे रोज बैठ रहे हैं तो उस स्थान को सुरक्षित तरीके से ब्लॉक किया जा सकता है।बाजार में मानवीय तरीके से पक्षियों को बैठने से रोकने के लिए विशेष बर्ड डिटरेंट उपलब्ध होते हैं। इन्हें इस तरह लगाया जाना चाहिए कि पक्षियों को चोट न पहुंचे और केवल उनके बैठने की जगह सीमित हो।
5. घोंसला बनाने की जगह बंद करें
कबूतर बालकनी में रखे पुराने कार्टन, खाली गमले, फर्नीचर के पीछे या एसी यूनिट के आसपास सुरक्षित जगह देखकर घोंसला बना सकते हैं।इसलिए बालकनी और छत पर अनावश्यक सामान जमा न होने दें। कोनों की नियमित जांच करें। यदि वहां सक्रिय घोंसला, अंडे या बच्चे मौजूद हों तो उन्हें नुकसान न पहुंचाएं और स्थानीय वन्यजीव या पशु सहायता विशेषज्ञ से उचित सलाह लें।
6. चमकदार वस्तुओं का इस्तेमाल
कुछ लोग कबूतरों को दूर रखने के लिए परावर्तक यानी चमकदार वस्तुओं का इस्तेमाल करते हैं। हवा में हिलने वाली रिफ्लेक्टिव टेप जैसी चीजें पक्षियों को किसी स्थान पर उतरने से हतोत्साहित कर सकती हैं।हालांकि इसका प्रभाव हर जगह समान नहीं होता और कबूतर कुछ समय बाद इनके आदी भी हो सकते हैं। इसलिए इसे मुख्य उपाय के बजाय बर्ड नेट और सफाई जैसे तरीकों के साथ इस्तेमाल करना बेहतर है।
7. बालकनी की नियमित सफाई करें
जहां कबूतर लगातार बैठते हैं वहां बीट, पंख और घोंसले की सामग्री जमा हो सकती है। इसलिए प्रभावित जगह की नियमित सफाई जरूरी है।सूखी बीट को सीधे झाड़ने से धूल उड़ सकती है। सफाई से पहले उसे हल्का गीला करना बेहतर होता है। दस्ताने पहनें और अधिक गंदगी होने पर मास्क का इस्तेमाल करें। सफाई के बाद हाथों को साबुन और पानी से अच्छी तरह धोएं।
8. कूड़ा और कबाड़ जमा न होने दें
बालकनी और छत पर लंबे समय तक कबाड़ पड़ा रहने से कबूतरों को छिपने और घोंसला बनाने की जगह मिल सकती है। पुराने डिब्बे, टूटा फर्नीचर, लकड़ी और दूसरी बेकार चीजें समय-समय पर हटाते रहें।जगह जितनी खुली और व्यवस्थित रहेगी, कबूतरों के लिए वहां स्थायी ठिकाना बनाना उतना ही मुश्किल होगा।
9. दरार और खुले हिस्से बंद करें
कई बार कबूतर बालकनी से ज्यादा इमारत के छोटे खुले हिस्सों में घोंसला बनाते हैं। वेंटिलेशन शाफ्ट, छज्जे के नीचे खाली जगह या अन्य सुरक्षित कोने उनके लिए आकर्षक हो सकते हैं।ऐसी जगहों को उपयुक्त जाली से बंद किया जा सकता है। हालांकि वेंटिलेशन के लिए जरूरी रास्ते पूरी तरह बंद नहीं करने चाहिए। जाली लगाते समय यह भी सुनिश्चित करें कि अंदर कोई पक्षी फंसा न हो।
10. एक ही उपाय पर निर्भर न रहें
कबूतरों को दूर रखने में सबसे अच्छा परिणाम अक्सर कई तरीकों को एक साथ अपनाने से मिलता है। केवल चमकदार टेप लगाने या कभी-कभी सफाई करने से स्थायी समाधान मिलना जरूरी नहीं है।बर्ड नेट लगाने के साथ भोजन और पानी के स्रोत हटाएं, बालकनी साफ रखें और बैठने वाली जगहों को सुरक्षित तरीके से नियंत्रित करें। इससे कबूतरों के लिए उस स्थान को नियमित ठिकाना बनाना मुश्किल हो जाएगा।
कबूतर की बीट साफ करते समय सावधानी
कबूतरों की बीट लंबे समय तक जमा नहीं रहने देनी चाहिए। खासकर बड़ी मात्रा में जमा सूखी बीट की सफाई करते समय सावधानी जरूरी है। इसे पहले हल्का नम करें ताकि धूल कम उड़े। दस्ताने और अच्छी तरह फिट होने वाला मास्क पहनना उपयोगी हो सकता है।बहुत अधिक गंदगी होने या लंबे समय से बंद जगह में बीट जमा होने की स्थिति में पेशेवर सफाई सेवा लेना बेहतर विकल्प हो सकता है।
कबूतरों को नुकसान पहुंचाने से बचें
कबूतरों को भगाने के लिए ऐसे तरीके नहीं अपनाने चाहिए जिनसे उन्हें चोट पहुंचे या उनकी जान को खतरा हो। जहरीले पदार्थ, चिपचिपे जाल या खतरनाक तार जैसे तरीकों से बचना चाहिए।सबसे सुरक्षित तरीका यह है कि घर को उनके लिए भोजन, पानी और सुरक्षित बैठने की जगह के रूप में कम आकर्षक बनाया जाए। बर्ड नेट, नियमित सफाई और खुले खाद्य स्रोत हटाने जैसे उपाय लंबे समय में ज्यादा उपयोगी साबित हो सकते हैं।इन 10 उपायों को नियमित रूप से अपनाकर बालकनी और छत पर कबूतरों की आवाजाही को काफी हद तक नियंत्रित किया जा सकता है। इससे घर की सफाई आसान होगी और पक्षियों को नुकसान पहुंचाए बिना समस्या का समाधान करने में मदद मिलेगी।
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